Moradabad Crime News: करंट से नहीं हुई मौत तो पिलाया जहर, देवेंद्र हत्याकांड में बड़ा खुलासा, पत्नी ने प्रेमी और बहन संग मिलकर किया पति का कत्ल

Amrit Vichar Network
Published By Deepak Mishra
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मुरादाबाद। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में पुलिस ने गत दिनों हुयी एक युवक की हत्या के मामले में नामजद चार आरोपियों, उसकी पत्नी ,साली और उनके प्रेमियों गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। युवक को करंट और जहर देकर उतारा मौत के घाट उतारा गया था। 

इस संबंध में पुलिस सूत्रों ने रविवार को बताया कि मुरादाबाद के ग्राम बघी गोवर्धनपुर, थाना मैनाठेर निवासी और वर्तमान में मझोला थाना क्षेत्र की हाइडिल कॉलोनी (निकट चौधरी चरण सिंह चौक) में रह रहे देवेंद्र सिंह ने 22 मई को थाने में एक तहरीर देकर अपने भाई पवन कुमार ठाकुर की हत्या का आरोप लगाया था। 

तहरीर के अनुसार, पवन की पत्नी आंचल का अंकित नामक युवक के साथ प्रेम-प्रसंग चल रहा था, जिसका पवन विरोध करता था। इसी रंजिश के चलते एक सोची-समझी साजिश के तहत पवन को मौत के घाट उतार दिया गया। तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज़ कर पुलिस द्वारा की गई तथ्यों और सबूतों सहित जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुए खुलासे ने सभी को हैरान कर दिया है। 

घटनाक्रम के अनुसार, 22 मई की रात करीब आठ बजे जब पवन कुमार अपने घर पहुंचे, तो वहां पहले से ही उनकी पत्नी आंचल, उसका प्रेमी अंकित, साली शिखा और उसका प्रेमी अजय दिवाकर मौजूद थे। आरोपियों ने पवन को पकड़कर चारपाई से बांध दिया और बेरहमी से मारपीट शुरू कर दी। 

आरोपियों ने पवन के शरीर पर बिजली के केबल से नौ बार करंट के झटके दिए, जिसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पवन के सीने, हाथ और तलवों पर मिले निशानों से हुई है। जब करंट लगने के बाद भी पवन की सांसें नहीं थमीं, तो आरोपियों ने पानी में जहरीला पदार्थ मिलाकर उसे जबरन पिला दिया। 

पुलिस सूत्रों ने बताया कि जिस समय पवन दम तोड़ रहा था, तब पत्नी मानवीय संवेदनाओं को ताक पर रखकर अपने प्रेमी के साथ रोमांस कर रही थी। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि पवन को अपनी हत्या का अंदेशा पहले से ही था। उसने अपनी बहनों को पहले ही इससे आगाह कर दिया था कि यदि उसकी मृत्यु हो जाए तो उसे आत्महत्या न समझा जाए, क्योंकि उसकी पत्नी का आचरण ठीक नहीं था। 

पति की हत्या की योजना करीब 15 दिन पहले आंचल द्वारा अपने मायके में रची गई थी। षड्यंत्र के तहत घटना को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने इसे स्वाभाविक मौत दिखाने की कोशिश की और आंचल अस्पताल में शव के पास बैठकर आंसू बहाने का नाटक करती रही। पुलिस ने मृतक की बहनों से पूछताछ की, और पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पूरी साजिश का पर्दाफाश हो गया। 

पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए रविवार को चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान पत्नी आंचल, उसकी बहन शिखा (निवासी ग्राम बटौआ, थाना हजरतनगर गढ़ी, जनपद संभल), अंकित (निवासी ग्राम बघी गोवर्धनपुर, थाना मैनाठेर) और अजय दिवाकर (निवासी जयंतीपुर, थाना मझोला) के रूप में हुई है। 

पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। आंचल ने पुलिस को बताया कि उससे बड़ी गलती हो गई और हत्या करने से बेहतर होता कि वह अपने प्रेमी के साथ भाग जाती। फिलहाल पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज कर चारों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है और अग्रिम विधिक कार्रवाई जारी है। 

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