खबर का असर: RTO ने अपनी 'वॉल पेंटिंग' में फूंकी जान, 35 से ज्यादा वाहनों के चालान
गौला खनन क्षेत्र में 115 चालान, सात ओवरलोड डंपर सीज
सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी और परिवहन विभाग की निष्क्रियता को लेकर अमृत विचार में प्रकाशित फीचर फोटो ''काश आरटीओ की वॉल पेंटिंग भी चालान कर पाती'' का असर दिखाई देने लगा है। खबर में बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग, मोबाइल पर बात करते हुए वाहन चलाने और सड़क सुरक्षा व यातायात नियमों के खुलेआम उल्लंघन का मुद्दा उठाया गया था।
हल्द्वानी, अमृत विचार। सड़क सुरक्षा नियमों की अनदेखी और परिवहन विभाग की निष्क्रियता को लेकर अमृत विचार में प्रकाशित फीचर फोटो ''काश आरटीओ की वॉल पेंटिंग भी चालान कर पाती'' का असर दिखाई देने लगा है। खबर में बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग, मोबाइल पर बात करते हुए वाहन चलाने और सड़क सुरक्षा व यातायात नियमों के खुलेआम उल्लंघन का मुद्दा उठाया गया था। फोटो न्यूज का संज्ञान लेते हुए परिवहन विभाग ने विशेष प्रवर्तन अभियान चलाकर दोपहिया वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की।

20 से अधिक वाहनों के चालान
अभियान के दौरान बिना हेलमेट और ट्रिपल राइडिंग करने वाले दोपहिया वाहन चालकों पर शिकंजा कसा गया। परिवहन विभाग ने 20 से अधिक दोपहिया वाहनों के चालान किए और वाहन चालकों को भविष्य में यातायात नियमों का पालन करने की कड़ी चेतावनी दी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना हेलमेट वाहन चलाने और ट्रिपल राइडिंग जैसी लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
गौलापार इलाके में कार्रवाई
वहीं, प्रवर्तन अभियान के तहत गौला खनन क्षेत्र में भी बड़े पैमाने पर कार्रवाई की गई। गौलापार क्षेत्र से लगातार मिल रही शिकायतों के आधार पर डीएम के निर्देश पर आरटीओ (प्रवर्तन एवं सड़क सुरक्षा) अरविंद पांडे के नेतृत्व में चार विशेष टीमों का गठन किया गया।
ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई
तीन दिनों तक चले अभियान में बेरी पड़ाव गेट, अमला गेट, मोटाहल्दू गेट, शहीद गेट और लालकुआं समेत विभिन्न खनन मार्गों पर सघन जांच अभियान चलाया गया। जांच के दौरान बिना वैध दस्तावेजों के संचालित और ओवरलोड वाहनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई।
7 ओवरलोड डंपर सीज किए
कुल 115 वाहनों के चालान किए गए, जबकि सात ओवरलोडेड डंपर वाहनों को सीज कर दिया गया। इनमें कुछ वाहन ऐसे भी पाए गए जिनके प्रपत्र आरटीओ कार्यालय में सरेंडर किए जा चुके थे, इसके बावजूद उनका संचालन किया जा रहा था।
