<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.amritvichar.com/tag/502065/40-thousand-slums" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Amrit Vichar RSS Feed Generator</generator>
                <title>40 thousand slums - Amrit Vichar</title>
                <link>https://www.amritvichar.com/tag/502065/rss</link>
                <description>40 thousand slums RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>शहर में 40 हजार से ज्यादा भूखंडों पर बस गईं झुग्गियां, नगर निगम के सेटेलाइट सर्वे में हुआ खुलासा</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>लखनऊ, अमृत विचार:</strong> शहर के पॉश इलाकों से लेकर मलिन बस्तियों में खाली पड़े 40,000 से ज्यादा भूखंडों पर झुग्गी झोपड़ियां बस गई हैं। नगर निगम की ओर से कराए गए सेटेलाइट सर्वे में इसका खुलासा हुआ है। अवैध तरीके से बसीं इन झुग्गियों के आस-पास शाम होते ही अराजकता का माहौल हो जाता है। यहां रह रहे लोग बिजली, पेयजल आदि सुविधाओं का भी जमकर उपभोग करते हैं, लेकिन नगर निगम को टैक्स नहीं देते हैं। इनके राशन कार्ड से लेकर आधार कार्ड और वोटर कार्ड तक बने हैं।</p>
<p>गोमती नगर से लेकर इन्दिरा नगर, अलीगंज सहित शहर के</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.amritvichar.com/article/536852/slums-have-settled-on-more-than-40-thousand-plots-of-land-in-the-city--revealed-in-the-satellite-survey-of-the-municipal-corporation"><img src="https://www.amritvichar.com/media/400/2025-05/2025-(9)5.png" alt=""></a><br /><p><strong>लखनऊ, अमृत विचार:</strong> शहर के पॉश इलाकों से लेकर मलिन बस्तियों में खाली पड़े 40,000 से ज्यादा भूखंडों पर झुग्गी झोपड़ियां बस गई हैं। नगर निगम की ओर से कराए गए सेटेलाइट सर्वे में इसका खुलासा हुआ है। अवैध तरीके से बसीं इन झुग्गियों के आस-पास शाम होते ही अराजकता का माहौल हो जाता है। यहां रह रहे लोग बिजली, पेयजल आदि सुविधाओं का भी जमकर उपभोग करते हैं, लेकिन नगर निगम को टैक्स नहीं देते हैं। इनके राशन कार्ड से लेकर आधार कार्ड और वोटर कार्ड तक बने हैं।</p>
<p>गोमती नगर से लेकर इन्दिरा नगर, अलीगंज सहित शहर के कई इलाकों में खाली भूखंडों पर झुग्गियां बस गई हैं। भूखंड स्वामियों ने किराए पर जगह देकर यहां झुग्गियां बसा दीं। कई भूखंडों में कूड़ा डाला जा रहा है तो कई भूखंडों पर कबाड़ का काम हो रहा है। इन झुग्गियों में रहने वाले कहां से आए हैं इसका कोई पता नहीं। रामनगर कॉलोनी से लेकर शहर की विभिन्न कालोनियों में इनकी अराजकता से लोग शाम होते ही घरों से बाहर निकलने से कतराते हैं। रस्तोगी कालेज का फुटपाथ हो या फिर रामलीला ग्राउंड के आसपास का इलाका। मूक बधिर कॉलेज तक इनकी कब्जों की भेंट चढ़ चुका है। दिव्यांग जनों वाले इस कालेज के गेट से लेकर तिलकनगर मोड़ तक पक्के निर्माण बाकायदा घर बना लिए हैं। पुताई तक करा सड़कों पर कुर्सियां और तख्त डालकर बैठ जाते हैं। यही हाल तालाब का है। पुरानी सरकारों में स्थानीय छुटभैया नेताओं ने कब्जे बेचकर इन्हें बसा दिया है। कालोनी के लोग सवाल उठाते हैं कि यह कौन लोग हैं। कालोनी की सुरक्षा खतरें में है। अभियान चलाए जाने के बाद भी अभी यह सड़क पर डटे हैं। इस क्षेत्र में जल्द ही फिर अभियान चलाया जाना है।</p>
<p><strong>विस्तारित क्षेत्रों में सबसे ज्यादा भूखंड खाली</strong></p>
<p>नगर निगम सीमा में शामिल विस्तारित क्षेत्रों में सबसे अधिक भूखंड खाली हैं। इनमें गोमती नगर विस्तार, जानकीपुरम विस्तार, इन्दिरा नगर फैजाबाद रोड, दुबग्गा हरदोई रोड, कानपुर रोड आदि क्षेत्र शामिल हैं। जोन 8 की वृंदावन कालोनी में भी खाली भूखंडों पर धीरे-धीरे झुग्गियां बसती जा रही हैं।</p>
<p><strong>17,000 से अधिक खाली भूखंडों के मालिक चिह्नित</strong></p>
<p>खाली भूखंडों से नगर निगम को हाउस टैक्स नहीं मिल रहा है। सेटेलाइट सर्वे में चिन्हित किये गए लगभग 40,000 खाली भूखंडों में से नगर निगम लगभग 18,000 भवनों के मालिक चिन्हित कर पाया है। नगर निगम ने उन्हें हाउस टैक्स की नोटिस भी भेज दी है।</p>
<p><strong>सेटेलाइट सर्वे में लगभग 40,000 हजार से अधिक </strong></p>
<p>खाली भूखंड मिले हैं। इनमें से अधिकांश में भवन स्वामियों ने किराये पर देकर झुग्गियां बसा दी हैं। नगर निगम ने लगभग 18,000 भूखंडों के स्वामियों को चिन्हित किया है। इन्हें हाउस टैक्स की नोटिस भेजी गई है। अवैध तरीके से बसीं झुग्गियों पर नगर निगम कार्रवाई करेगा।<br /><strong>अशोक सिंह, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी, लखनऊ नगर निगम</strong></p>
<p><strong>यह भी पढ़ेः <a class="post-title" href="https://www.amritvichar.com/article/536849/want-to-buy-your-own-house-in-lucknow--book-a-flat-in-vishram-nagar-yojana-from-june--lda-will-open-registration-for-2502-flats">लखनऊ में लेना चाहते हैं अपना घर, जून से विश्राम नगर योजना में बुक कराएं फ्लैट, LDA 2502 फ्लैटों के लिए खोलेगा पंजीयन</a></strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>लखनऊ</category>
                                    

                <link>https://www.amritvichar.com/article/536852/slums-have-settled-on-more-than-40-thousand-plots-of-land-in-the-city--revealed-in-the-satellite-survey-of-the-municipal-corporation</link>
                <guid>https://www.amritvichar.com/article/536852/slums-have-settled-on-more-than-40-thousand-plots-of-land-in-the-city--revealed-in-the-satellite-survey-of-the-municipal-corporation</guid>
                <pubDate>Tue, 06 May 2025 12:04:46 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.amritvichar.com/media/2025-05/2025-%289%295.png"                         length="1711428"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Muskan Dixit]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        