1.चंद्रखानी पास ट्रेक, हिमाचल प्रदेश

इस ट्रेक में करीब 10 दिन लगते हैं। इस ट्रेक की दूरी 22 किलोमीटर है। इसकी यात्रा कुल्लू घाटी के गांव से शुरू होती है। ये गांव है नग्गर। इस दौरान आपको कई सुंदर पर्वत के नजारे भी देखने को मिलेंगे। इस यात्रा में आपको ओक के पेड़ भी खूब दिखेंगे।

2.वैली ऑफ फ्लावर, उत्तराखंड

इस ट्रेक पर आने का सही समय जुलाई से सितंबर के मध्य तक है। ये ट्रेक यूनेस्को की वर्ल्ड हेरिटेज साइट हेमकुंड साहेब से आपको ले जाता है। ट्रेक की दूरी 55 किलोमीटर है। बरसात के दिनों में ये वैली हजारों तरह के फूलों से घिर जाती है। ये ट्रेक गोविंदा घाट से शुरू होता है।

3.डीजोंग्री ट्रेक

इस ट्रेक पर अप्रैल से जून और अक्टूबर से दिसंबर तक ट्रेकिंग की जा सकती है। सिक्किम का ये ट्रेक 5 दिन तक चलता है। इस ट्रेक की दूरी 21 किलोमीटर है और इसकी सबसे ज्यादा ऊंचाई 15000 फीट है। आपको इस ट्रेक पर Mt. Kanchendzonga भी दिखेगा। आप ट्रेक के दौरान Kanchenjunga National Park से होकर गुजरेंगे तो हैंगिंग ब्रिजेस से भी।

4.मारखा वैली, लद्दाख

इस ट्रेक पर जाने का सबसे अच्छा मसय जुलाई से सितंबर का होता है। ये लद्दाख प्रान्त की सबसे बड़ी चोटी है। इसकी शुरुआत पोजीशन लेह है। इसमें आप 5200 मीटर की ऊंचाई तक जा सकते हैं। इस दौरान आपको के2 माउंटेन और कई दूसरे पहाड़ों के सुंदर नजारे भी दिखेंगे।

5.हमपता ट्रेक, हिमाचल प्रदेश

कुल्लू घाटी में बसे गांव हमपता से ये ट्रेक शुरू होता है। ये लाहौल और स्पिति के चातरू में पूरा होता है। ये ट्रेक करीब 35 किलोमीटर का है। इसमें करीब 4 से 5 दिन लग जाते हैं। इस दौरान आपको बेहतरीन प्राकृतिक नजारे देखने को मिलेंगे। इस ट्रेक में आपको नाइट कैंप में रुकने का मौका भी मिलेगा।