गोंडा: राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने मनाया कर्तव्य बोध दिवस, बैठक में विद्यालय को बेहतर बनाने पर जोर

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

गोंडा, अमृत विचार। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की जनपदीय इकाई की एक बैठक रविवार को स्थानीय चौधरी चरण सिंह फील्ड हॉस्टल के मीटिंग हाल में कर्तव्य बोध दिवस का कार्यक्रम मनाया। बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष वीरेंद्र मिश्र तथा संचालन जिला महामंत्री अवधेश सिंह ने किया।

कार्यक्रम में मुख्यलअतिथि के रूप हाईकोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेंद्र मिश्र"सूर्य" तथा मुख्य वक्ता के रूप में संगठन के मण्डल महामन्त्री गजाधर सिंह उपस्थित रहे। कार्यक्रम में उपस्थित शिक्षकों को सम्बोधित करते हुए सुरेन्द्र मिश्र"सूर्य"ने  कहा कि जीवन धर्म ही कर्तव्य है। कर्तव्य एक बहुआयामी और व्यापक शब्द है। इसे अंग्रेजी के डियूटी शब्द तक सीमित नहीं किया जा सकता।

नैतिक मूल्यों से मजबूत हुए बिना कर्तव्य बोध नहीं हो सकता है। एक शिक्षक का कर्तव्य केवल अक्षर ज्ञान देने तक सीमित नहीं है। उसकी जिम्मेदारी एक प्रतिभा सम्पन्न नागरिक के निर्माण की है।इसलिए शिक्षक को कानूनी व तकनीकी जटिलताओं मे नहीं फंसाना चाहिए। सरकार और समाज दोनों की जिम्मेदारी है कि वह शिक्षकों के कर्तव्य पालन मे सहयोगी बने।

मुख्य वक्ता मंडलीय महामंत्री ने अपने कर्तव्यों का पालन करने पर जोर देते हुए कहा कि राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ सभी संगठनों से अलग संगठन है, इसमें केवल अपने अधिकारों पर ही नही कर्तव्यों पर जोर दिया जाता हैं। उन्होने शिक्षकों से अपने विद्यालय को सबसे बेहतर बनाने पर जोर दिया।

इस अवसर पर कार्यकारी अध्यक्ष राहुल श्रीवास्तव , कोषाध्यक्ष अरविंद कुमार श्रीवास्तव, जिलामंत्री गुलाम नबी वअनुपम मिश्र, जिला मीडिया प्रभारी आनन्द प्रताप सिंह ,जिलाध्यक्ष महिला संवर्ग सुनीता गुप्ता, ब्लॉक अध्यक्ष परसपुर संदीप कुमार सिंह,लकटरा दीपक श्रीवास्तव, हलधरमऊ अभयजीत सिंह, इटियाथोक डॉ रामराज , मुजेहना राहुल वर्मा , बभनजोत ललित मिश्र, मंत्री पड़री कृपाल राकेश कुमार शुक्ला, इटियाथोक अभय प्रताप सिंह, कटरा आशीष द्विवेदी ,कृष्ण कुमार गुप्ता, नीरज शर्मा, मुर्तजा हसन ,विक्रम सिंह ,शारदा शर्मा, सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।

यह भी पढ़ें;-UP Board Exam: 15 फरवरी तक‌ केंद्रों पर पहुंच जाएंगी उत्तर पुस्तिकाएं

 

संबंधित समाचार