हिलेरी क्लिंटन ने कहा- जलवायु परिवर्तन के कारण होने वाली गर्मी ने महिला कामगारों के लिए पेश की अतिरिक्त चुनौती 

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Edited By Amrit Vichar
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अहमदाबाद। अमेरिका की पूर्व विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने रविवार को यहां कहा कि जलवायु परिवर्तन के कारण होने वाली गर्मी अनौपचारिक क्षेत्रों में कार्यरत महिला कामगारों के लिए एक अतिरिक्त चुनौती बन गई है। उन्होंने कहा कि एक ‘ग्लोबल क्लाइमेट रेजिलिएंस फंड’ इस चुनौती से निपटने में मददगार साबित होगा।

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हिलेरी क्लिंटन ने गुजरात की अपनी दो दिवसीय यात्रा के पहले दिन अपनी तरह के पहले ‘क्लाइमेट रेजिलिएंस फंड’ की घोषणा की। अहमदाबाद में ‘सेल्फ इम्पावर्ड वीमेन एसोसिएशन’ (सेवा) के सदस्यों को संबोधित करते हुए क्लिंटन ने कहा, ‘‘सरोकारी लोगों का एक समूह ‘क्लाइमेट रेजिलिएंस फंड’ शुरू करने में मदद करने के लिए एकजुट हुआ है, जो दुनिया में अपनी तरह का पहला कोष होगा।’’

क्लिंटन ने ‘सेवा’ के 50 साल पूरे होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में कहा, ‘‘आप कई बाधाओं से पार पा चुकी हैं, कई अवरोधकों को तोड़ चुकी हैं। लेकिन, अब आपके सामने एक अतिरिक्त चुनौती है और वह चुनौती जलवायु परिवर्तन के कारण होने वाली गर्मी की है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘चाहे आप निर्माण क्षेत्र में हों या कचरा निस्तारण करने के काम में हों या किसान हों या रेहड़ी-पटरी वाले हों, बेतहाशा बढ़ती गर्मी आजीविका कमाने में आपके लिए एक अतिरिक्त चुनौती साबित होगी, जिसका समाधान करने में ‘सेवा’ आपकी सहायता करने का प्रयास करेगा।’’

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