अंतस
<% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<% if(node_description!==false) { %> <%= node_description %>
<% } %> <% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
पौराणिक कथा : धर्म और मर्यादा का मार्ग
Published On
By Anjali Singh
विवाह के पश्चात भगवान श्री कृष्ण और माता रुक्मिणी द्वारका में सुखपूर्वक निवास कर रहे थे। एक दिन उन्हें ज्ञात हुआ कि परम प्रतापी एवं शीघ्र क्रोधित होने वाले ऋ षि दुर्वासा द्वारका के समीप पधारे हैं। भारतीय परंपरा में...
भद्रा नहीं बनेगी बाधा, जानें राखी बांधने का सही समय
Published On
By Anjali Singh
रक्षाबंधन सनातन परंपरा का वह पर्व है, जो भाई-बहन के प्रेम, विश्वास और एक-दूसरे के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक माना जाता है। हर वर्ष श्रावण मास की पूर्णिमा तिथि पर मनाए जाने वाले इस त्योहार में बहनें अपने भाइयों की...
पटना देवकली : जहां शुक्राचार्य ने की थी 8 शिवलिंग की स्थापना
Published On
By Anjali Singh
बात जरा चौकाने वाली है, लेकिन किंवदंतियों में सच है। शाहजहांपुर की कलान तहसील क्षेत्र के गांव पटना देवकली में दैत्य गुरु शुक्राचार्य ने 8 हजार साल तक भगवान शिव के लिए तपस्या की थी। दैत्य गुरु शुक्राचार्य ने कलान...
ज्ञान एवं नैतिक मूल्यों की स्रोत संस्कृत
Published On
By Anjali Singh
णिनि व्याकरण के अनुसार सम् उपसर्ग पूर्वक कृ धातु में क्त प्रत्यय के योग से संस्कृत शब्द की सिद्धि होती है अर्थात् ऐसा शब्द या ऐसी भाषा जो दोष रहित, संस्कारित, परिमार्जित, परिनिष्ठित, सुव्यवस्थित तथा वैज्ञानिक हो। संस्कृत भाषा दैवी...
व्रत-त्योहार : सावन में मंगला गौरी व्रत का महत्व
Published On
By Anjali Singh
सावन मास में भगवान शिव के साथ माता पार्वती की आराधना का भी विशेष महत्व है। देवी गौरी को प्रसन्न करने के लिए प्रत्येक मंगलवार मंगला गौरी व्रत रखा जाता है। इस सावन यह व्रत 4, 11, 18 और 25...
मनोकामना मंदिर: जहां बारहों मास उमड़ती है श्रद्धालुओं की भीड़
Published On
By Anjali Singh
हिंदू मान्यताओं के अनुसार आषाढ़ और सावन माह तीर्थाटन अथवा देवी देवताओं के दर्शन और मनौतियों का होता है। ऐसे में देखा जा रहा है कि इस समय श्रद्धालु देवी-देवताओं के दर्शन हेतु बड़ी संख्या में निकले हुए हैं। श्रद्धालुओं...
बोधकथा : असली धन
Published On
By Anjali Singh
एक गाँव में हरिदास नाम का एक किसान रहता था। वह मेहनती था, लेकिन हमेशा इस चिंता में डूबा रहता कि उसके पास धन कम है। गाँव का साहूकार धनवान था, इसलिए हरिदास उसे देखकर सोचता, “काश! मेरे पास भी...
व्यक्ति जैसे होंगे वैसा ही समाज बनेगा
Published On
By Anjali Singh
आधुनिक वातावरण में पनप रहे परिवारों में आए दिन खींचतान, आपाधापी, द्वेष-दुर्भाव का विकृत वातावरण बना रहता है। परिणामतः उस घुटन में जो भी रहते-पलते हैं, दुर्बुद्धि ग्रसित होते जाते हैं। यदि इस स्थिति को बदला जा सके और परिवार...
जयंती पर विशेष : जेहि गावत तुलसी भए तुलसी तुलसीदास
Published On
By Anjali Singh
भले अन्य रचनाकार अप्रासंगिक हो जाएं, किंतु तुलसीदास कभी अप्रासंगिक नहीं होंगे। जब से उनकी रामचरितमानस जन-जन में पहुंची, तब से वह राम की ही तरह लोकप्रिय हैं। गांव-गांव, गली-मोहल्ले में मानस का पाठ होता है। इसकी चौपाइयां और दोहे...
खुद में सदियों का इतिहास समेटे सूरजकुंड
Published On
By Anjali Singh
बदायूं शहर से दातागंज मार्ग पर लगभग तीन किमी दूर गांव मझिया के पास स्थित 12 वीं सदी का ऐतिहासिक सूरजकुंड (सूर्यकुंड) है, जिसका संबंध राजा महीपाल के शासनकाल से है। उस समय सती प्रथा का प्रचलन था। पति की...
बाबा भूतनाथ मंदिर की रहस्यमयी लोकपरंपराएं
Published On
By Anjali Singh
लखीमपुर खीरी जिले में छोटी काशी के नाम से विख्यात गोला गोकर्णनाथ शिवभक्ति की उस पावन परंपरा का केंद्र है, जहां सावन माह में आस्था अपने चरम पर दिखाई देती है। प्रसिद्ध गोकर्णनाथ मंदिर के अलावा यहां अनेक प्राचीन शिवालय...
नाथ नगरी का तुलसी मठ और रामभक्ति की विरासत
Published On
By Anjali Singh
अलखनाथ मंदिर के पास स्थित तुलसी मठ आस्था, इतिहास और आध्यात्मिक परंपरा का अनोखा संगम है। मान्यता है कि गोस्वामी तुलसीदास ने यहां तपस्या की और राम भक्ति का संदेश दूर-दूर तक फैलाया। कभी घने जंगलों से घिरा यह क्षेत्र...
- Pradeep Kumar
[email protected] - Ateeq Khan
[email protected] -
Ankit Yadav
[email protected]
