यूपी में 22 मई से शुरू होगी डिजिटल जनगणना 2027, पहली बार स्व-गणना ऐप का विकल्प, 33 सवालों में घर की पूरी तस्वीर!
लखनऊ, अमृत विचार: प्रदेश में जनगणना की शुरुआत 22 मई से होगी। इस बार जनगणना को पूरी तरह डिजिटल स्वरूप दिया गया है और पहली बार नागरिकों को मोबाइल ऐप व पोर्टल के जरिए स्व-गणना (सेल्फ-एन्यूमरेशन) का विकल्प मिलेगा। पहले चरण में 33 सवाल पूछे जाएंगे। बाद में वर्ष 2027 में दूसरे चरण के दौरान जाति आधारित आंकड़े जुटाए जाएंगे।
जनगणना-2027 देश की 16वीं और स्वतंत्रता के बाद आठवीं जनगणना होगी। इसके आंकड़े 1 मार्च 2027 की स्थिति के अनुसार दर्ज किए जाएंगे। जनगणना दो चरणों में होगी। पहले चरण में मकान सूचीकरण व मकान गणना और दूसरे चरण में वर्ष 2027 में जनसंख्या के साथ जाति आधारित आंकड़े जुटाए जाएंगे। प्रदेश में जनगणना कार्य के लिए लगभग छह लाख फील्ड कर्मी लगाए जाएंगे। पहले चरण में भवन का उपयोग, निर्माण सामग्री, कमरों की संख्या, स्वामित्व, शौचालय, बिजली, खाना पकाने का ईंधन, एलपीजी/पीएनजी, फोन, इंटरनेट, टीवी, वाहन सहित कुल 33 बिंदुओं पर जानकारी जुटाई जाएगी।
क्या है स्व-गणना
-नागरिक खुद मोबाइल ऐप या नागरिक पोर्टल पर लॉगिन कर जानकारी भर सकेंगे
-7 से 21 मई तक ऑनलाइन प्रश्नावली भरने का अवसर
-फील्ड कर्मी आने से पहले ही डेटा दर्ज करने की सुविधा
-33 प्रश्नों की डिजिटल प्रश्नावली
-गलतियों की संभावना कम, समय और पारदर्शिता दोनों में सुधार
-सभी जानकारियां पूरी तरह गोपनीय रहेंगी
जनगणना के दो चरण
पहला चरण:
• 22 मई से
• मकान सूचीकरण और मकान गणना
• 33 प्रकार की जानकारियां जुटेंगी
दूसरा चरण:
• 9 से 28 फरवरी 2027
• जनसंख्या के साथ जाति संबंधी आंकड़े
