Bareilly : मीरगंज के सिमरिया गांव में गड्ढे में डूबने से तीन साल की बच्ची की मौत
मीरगंज, अमृत विचार। महाशिवरात्रि पर सिमरिया गांव में चल रहे भंडारे की रौनक अचानक चीख-पुकार में उस बदल गई, जब खेलते-खेलते तीन वर्षीय मासूम साक्षी जल निकासी के लिए खोदे गए गहरे गड्ढे में समा गई। करीब डेढ़ घंटे तक परिजन और ग्रामीण बच्ची को ढूंढते रहे, लेकिन जब वह मिली तो जिंदगी उसकी सांसों का साथ छोड़ चुकी थी।
गांव के छोटेलाल की बेटी साक्षी परिजनों के साथ रविवार दोपहर करीब डेढ़ बजे भंडारे में पहुंची थी। भोजन के बाद वह पास ही स्थित आंगनबाड़ी केंद्र परिसर में खेलने चली गई। वहीं, गांव की जलनिकासी के लिए गहरा गड्ढा बना था। बताते हैं कि यह गड्ढा ग्राम पंचायत की ओर से खुदवाया गया था। साक्षी उसमें गिरकर डूब गई। परिजन और ग्रामीण बदहवास हालत में पूरे गांव में तलाश करते रहे। लगभग डेढ़ घंटे बाद बच्ची गड्ढे में मिली।
आनन-फानन में उसे बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। उसकी सांसें थम चुकी थीं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। उधर, परिजनों ने ग्राम पंचायत पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना था कि गड्ढा ग्राम पंचायत की ओर से खुदवाया गया था और उसे सुरक्षित नहीं किया गया। एसओ संजय तोमर ने बताया कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। प्रधान पुत्र प्रदीप ने घटना पर दुखद बताते हुए पीड़ित परिवार को हर संभव सरकारी मदद दिलवाने का आश्वासन दिया है।
