AI Impact Summit: यूथ कांग्रेस का हंगामा, भारत मंडपम में टी-शर्ट उतारकर की नारेबाजी 

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Published By Anjali Singh
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नई दिल्ली : भारतीय युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को 'एआई इम्पैक्ट समिट' के एक प्रदर्शनी हॉल में पहुंचकर अमेरिका के साथ व्यापार समझौते के विरोध में प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ नारे लगाए। पुलिस ने इस घटना को लेकर 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि मुख्य विपक्षी दल ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि धूमिल की है। युवा कांग्रेस ने कहा कि 'एआई इम्पैक्ट समिट' के दौरान संगठन के कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन इस आयोजन के खिलाफ नहीं, बल्कि अमेरिका के साथ हुए अंतरिम व्यापार समझौते के खिलाफ था। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि 'एआई इम्पैक्ट समिट' में विरोध प्रदर्शन के दौरान लगभग 10 लोगों को हिरासत में लिया गया। 

उन्होंने कहा, "उन्हें तुरंत हटा दिया गया और तिलक मार्ग पुलिस थाने ले जाया गया। कानून-व्यवस्था की स्थिति को भंग करने की किसी को अनुमति नहीं दी जाएगी।" युवा कांग्रेस से जुड़े प्रदर्शनकारी हॉल नंबर-5 के अंदर मार्च करते हुए पहुंचे। वे सफेद टी-शर्ट पहने या पकड़े हुए थे, जिन पर प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीरें छपी थीं, तथा उन पर "इंडिया यूएस ट्रेड डील", "एपस्टीन फाइल्स" और "पीएम इज़ कम्प्रोमाइज्ड" जैसे नारे लिखे थे। कुछ प्रदर्शनकारियों ने टी-शर्ट भी उतार दी। उनके विरोध प्रदर्शन के चलते वहां अफरा-तफरी मच गई। 

इस दौरान कार्यक्रम में मौजूद कुछ प्रतिभागियों और कुछ प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस भी हुई। मौके पर तैनात एक पुलिसकर्मी ने कहा कि इस "दुर्भाग्यपूर्ण घटना" के बाद हॉल के अंदर सुरक्षा और कड़ी की जाएगी। यह विरोध प्रदर्शन कुछ ही मिनटों तक चला, जिसके बाद समूह को हॉल से बाहर निकाल दिया गया। इस घटना ने मेहमानों और अन्य आगंतुकों को हैरान कर दिया, क्योंकि 'एआई इम्पैक्ट समिट' के मद्देनजर यह अप्रत्याशित था। भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने आरोप लगाया कि यह घटना कांग्रेस के शीर्ष नेताओं के कहने पर अंजाम दी गई है। 

उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ''यह साजिश राहुल गांधी, सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी की मौजूदगी में, राहुल गांधी के निवास स्थान पर रची गई थी। यह प्रयोग है, संयोग नहीं। यह भारत के विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा भारत की छवि को धूमिल करने का प्रयास है।'' युवा कांग्रेस के अध्यक्ष उदयभानु चिब ने एक बयान में कहा, ''युवा कांग्रेस के साथियों ने स्पष्ट कर दिया कि देश का युवा अब चुप नहीं बैठेगा। 'पीएम इज कंप्रोमाइज्ड (प्रधानमंत्री झुक गये)' सिर्फ एक नारा नहीं, बल्कि करोड़ों बेरोजगार युवाओं का आक्रोश है। 

अमेरिका के साथ यह व्यापार समझौता हमारे किसानों और जनता के हितों के साथ खिलवाड़ है, जिससे सिर्फ अमेरिका को फायदा होगा। लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध हमारा अधिकार है और हम युवाओं की आवाज बुलंद करते रहेंगे।'' उनका कहना है, ''हम 'एआई इम्पैक्ट समिट' के खिलाफ नहीं हैं। हम भारत के हितों के साथ हो रहे समझौते के खिलाफ हैं, इसलिए हमने आज ये प्रदर्शन किया है।''

यह आयोजन 16 से 20 फरवरी तक भारत मंडपम में हो रहा है, जिसमें कई देशों के राष्ट्राध्यक्ष, वैश्विक एआई क्षेत्र के नेता, शिक्षाविद, शोधकर्ता, वैश्विक टेक कंपनियों के प्रमुख और परोपकारी भाग ले रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बृहस्पतिवार को यहां एआई इम्पैक्ट समिट 2026 का औपचारिक उद्घाटन किया, जिसमें कई विश्व नेता और वैश्विक टेक कंपनियों के प्रमुख उपस्थित थे।

Trade Agreement के खिलाफ था प्रदर्शन 

भारतीय युवा कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब ने शुक्रवार को कहा कि 'एआई इम्पैक्ट समिट' के दौरान संगठन के कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन इस आयोजन के खिलाफ नहीं, बल्कि अमेरिका के साथ हुए अंतरिम व्यापार समझौते के खिलाफ था। उन्होंने कहा कि जब देश के किसानों का सौदा किया जा रहा हो, भारत विरोधी व्यापार समझौता हो रहा हो और युवाओं को बेरोज़गार रखकर नफरत की राजनीति में झोंका जा रहा हो, तो फिर खामोश नहीं रहा जा सकता। 

युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को 'एआई इम्पैक्ट समिट' के एक प्रदर्शनी हॉल में पहुंचकर अमेरिका के साथ व्यापार समझौते को लेकर विरोध प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ नारे लगाए। पुलिस ने कुछ देर बाद इन लोगों को वहां से हटाया और हिरासत में ले लिया। चिब ने एक बयान में कहा, ''युवा कांग्रेस के साथियों ने स्पष्ट कर दिया कि देश का युवा अब चुप नहीं बैठेगा। 

'पीएम इज कंप्रोमाइज्ड' सिर्फ एक नारा नहीं, बल्कि करोड़ों बेरोजगार युवाओं का आक्रोश है। अमेरिका के साथ यह व्यापार समझौता हमारे किसानों और जनता के हितों के साथ खिलवाड़ है, जिससे सिर्फ अमेरिका को फायदा होगा। लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध हमारा अधिकार है और हम युवाओं की आवाज बुलंद करते रहेंगे।'' उनका कहना है, ''हम 'एआई इम्पैक्ट समिट' के खिलाफ नहीं हैं। हम भारत के हितों के साथ हो रहे समझौते के खिलाफ हैं, इसलिए हमने आज ये प्रदर्शन किया है।'

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