रामपुर : फांसी घर की जमीन के दस्तावेजों में हेरा-फेरी करने में 11 की जमानत खारिज

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19 सितंबर 2019 को नायब तहसीलदार कृष्ण गोपाल मिश्रा ने दर्ज कराया था मुकदमा

रामपुर, अमृत विचार।  जिला कारागार की फांसीघर की जमीन के दस्तावेजों में हेराफेरी कर खरीद फरोख्त करने आरोप में दर्ज मुकदमे के 11 आरोपियों  की शुक्रवार को जमानत खारिज हो गई है। वहीं इस मामले में आजम खां भी कोर्ट में पेश हुए।

बतातो चले कि गंज थाना की पुलिस ने 19 सितंबर 2019 को नायब तहसीलदार कृष्ण गोपाल मिश्रा की तहरीर के आधार पर आजम खां के बड़े पुत्र अदीब आजम सहित 37 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। इस मुकदमे में बाद में आजम खां को भी 120-बी (अपराधिक षडयंत्र रचने) का आरोपी बनाया गया था। आजम खां इस मुकदमे में जमानत पर चल रहे हैं। विवेचना के बाद पुलिस ने इस मामले में आजम खां सहित 28 के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया है। इस मुकदमे के पांच आरोपियों की मौत हो चुकी है, जिनका नाम निकाल दिया गया है।

बुधवार को एमपी-एमएलए कोर्ट (मजिस्ट्रेट) में इस मामले की सुनवाई हुई थी।  सुनवाई के दौरान आरोपी परवीन,जाने आलम,सलीम खां, कैसर जहां, शहाना परवीन, मोहम्मद इरफान,मोहम्मद रिजवान, नूरजहां, मोहम्मद मोईन, हजारा बेगम और नसीम जहां ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया था। सभी की ओर से जमानत की अर्जी दाखिल की गई थी। जिसमे शुक्रवार को सीजेएम कोर्ट ने जमानत  अर्जी को खारिज कर दिया है। अभियोजन अधिकारी अमरनाथ तिवारी ने बताया कि 11 आरोपियों की जमानत खारिज कर दी है।

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