दस्तक यूथ फेस्टिवल: ओपन आर्ट गैलरी सा दिखा बौद्ध संस्थान, पोस्टर में बहीं नदियां, युवाओं ने की फेस पेंटिंग और कार्टून भी बनाए

Amrit Vichar Network
Published By Anjali Singh
On

लखनऊ, अमृत विचार: अंतरराष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान में चल रहे दस्तक यूथ फेस्टिवल का दूसरा दिन युवाओं की रचनात्मकता देखने को मिली।

Untitled design (17)

ऑन स्पॉट पोस्टर और कोलाज निर्माण, फेस पेंटिंग, कार्टून निर्माण के साथ ही युवाओं ने समूह गायन, समूह नृत्य, नुक्कड़ नाटक और स्टैंड अप कामेडी की शानदार प्रस्तुति दी। पोस्टर और कोलाज के जरिये प्रदेश की नदियों, स्मारकों और वाइल्ड लाइफ को दर्शाया गया।

Untitled design (18)

इस महोत्सव में हुए समूह नृत्य से जहां मंच को रंग और लय से सजाया गया वहीं उत्तर प्रदेश की लोक प्रम्राओं को कोरियोग्राफी के साथ रचनात्मक तरीके से प्रस्तुत किया गया।

Untitled design (20)

कार्टून और पोस्टर निर्माण प्रतियोगिता में व्यंग्य को सामाजिक जागरूकता के साथ मिलाया गया। जिसमें प्रदूषण और अनियंत्रित विकास पर बात की गई।

फेस पेंटिंग में प्रतिभागियों ने अपने चेहरों को एक्सप्रेसिव कैनवस की तरह से इस्तमाल किया। चेहरों पर नदी संरक्षण, सांस्कृतिक सद्भाव जैसे विषय नजर आये। इस प्रतियोगिता की निर्णायक सफीना खान और पूनम ठाकुर थीं। जंगल और वाइल्ड लाइफ संरक्षण जैसे मुद्दे यहां हुए नुक्कड़ नाटक में नजर आये।

Untitled design (16)

नुक्कड़ नाटक को दर्शकों ने सराहा, संयोजक वीना राना ने निर्णायक अदिति उमराव और रवि को धन्यवाद देते हुए इकोलाजिकल बैलेंस बनाये रखने के महत्व पर बात की।

Untitled design (21)

भारतीय जन नाट्य संघ इप्टा ने उदयवीर सिंह यादव और जिया खान द्वारा अभिनीत नाटक धत्त तेरे की का मंचन किया।

ये भी पढ़ें : 
सरकार ने खोला खजाना, 250 करोड़ से रामनगरी के पर्यटन की बुनियादी सुविधाएं होंगी मजबूत, सोलर सिटी के लिए 100 करोड़ 

संबंधित समाचार