राहुल गांधी से मिला ट्रांसजेंडर प्रतिनिधि मंडल, बोले- विधेयक को वापस करने का बनाएं दबाव
नई दिल्ली। लोकसभा में ट्रांसजेंडर व्यक्ति (अधिकार सुरक्षा) संशोधन विधेयक 2026 पेश किए जाने से पहले ट्रांसजेंडरों के प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी से मुलाकात की और कहा कि इस विधेयक के प्रावधान उनके अधिकारों को कमजोर करते हैं इसलिए सरकार को इसे वापस लेना चाहिए।
गौरतलब है कि ट्रांसजेंडर व्यक्ति (अधिकार सुरक्षा) संशोधन विधेयक 2026 चर्चा तथा पारित करने के लिए लोकसभा के आज के एजेंडे में शामिल है। राहुल गांधी ने प्रतिनिधि मंडल को आश्वासन दिया कि वह संसद में इस विधेयक का विरोध करेंगे और सरकार पर इसे वापस लेने के लिए दबाव बनाएंगे। उन्होंने कहा उनकी पार्टी ट्रांसजेंडर समुदाय के साथ उनके अधिकारों और गरिमा की रक्षा के लिए मजबूती से खड़ी है और विधेयक का कड़ा विरोध करेगी।
कांग्रेस ने ट्रांसजेंडर प्रतिनिधिमंडल की राहुल गांधी तथा पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा से हुई मुलाकात के बाद एक बयान में कहा कि प्रतिनिधिमंडल में देशभर से आए प्रतिनिधि शामिल थे। उन्होंने श्री गांधी से आग्रह किया कि वह इस विधेयक को वापस लेने के लिए सरकार पर दबाव बनाएं। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि प्रस्तावित "ट्रांसजेंडर व्यक्ति संशोधन विधेयक 2026" उनके लैंगिक पहचान को स्वयं निर्धारित करने के अधिकार को कमजोर करता है, जिसे उच्चतम न्यायालय पहले ही मान्यता दे चुका है।
उनका कहना था कि इस विधेयक से लाखों ट्रांसजेंडर व्यक्तियों, विशेषकर पारंपरिक समुदायों से जुड़े लोगों, की कानूनी पहचान और संरक्षण खतरे में पड़ सकती है। विधेयक के कई प्रावधानों को अमानवीय और दंडात्मक बताते हुए प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि अनिवार्य चिकित्सीय परीक्षण, पर्याप्त सुरक्षा उपायों के बिना आपराधिक दंड और मौजूदा संरक्षणों का कमजोर किया जाना इस विधेयक के गंभीर मुद्दे हैं।
