योगी सरकार का दावा- एआई, जीआईएस और सिंगल विंडो सिस्टम से निवेश प्रक्रिया होगी आसान
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को लोकभवन में 'निवेश मित्र 3.0' का शुभारंभ किया। उत्तर प्रदेश सरकार 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए लगातार प्रयासरत है और इसी क्रम में यह उन्नत डिजिटल प्लेटफॉर्म विकसित किया गया है।
सरकार के एक बयान के अनुसार , 'निवेश मित्र 3.0' को निवेशकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है। इसमें एआई आधारित चैटबॉट की सुविधा उपलब्ध कराई गई है, जिससे निवेशकों को तत्काल सहायता मिल सकेगी। साथ ही, आवेदन की स्थिति की जानकारी देने के लिए रियल-टाइम एसएमएस अलर्ट सिस्टम भी जोड़ा गया है, जिससे हर चरण की जानकारी तुरंत मिलती रहेगी।
इस प्लेटफॉर्म की प्रमुख विशेषता डायनामिक कम्बाइंड एप्लीकेशन फॉर्म (CAF) है। इसके जरिए विभिन्न विभागों की मंजूरियां एक ही स्थान से प्राप्त की जा सकेंगी। इससे निवेशकों को अलग-अलग विभागों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे और प्रक्रिया में समय की बचत होगी। निवेशकों के लिए भूमि चयन को सरल बनाने हेतु प्लेटफॉर्म में जीआईएस आधारित लैंड बैंक को शामिल किया गया है। इससे निवेशक अपनी जरूरत के अनुसार प्रदेश में उपयुक्त भूमि की पहचान आसानी से कर सकेंगे।
'निवेश मित्र 3.0' को नेशनल सिंगल विंडो सिस्टम (NSWS) से जोड़ा गया है, जिससे केंद्र और राज्य स्तर की मंजूरियों में बेहतर तालमेल और तेजी आएगी। यह सुविधा विशेष रूप से बड़े निवेशकों के लिए लाभकारी मानी जा रही है। सरकार ने निवेश प्रक्रिया को और आसान बनाने के लिए कई सुधार किए हैं। विभागीय कार्यवाही में 25%, दस्तावेजों में 15% और अन्य प्रक्रियात्मक चरणों में करीब 20% की कमी की गई है।
इससे अनुमोदन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनेगी। वर्ष 2018 में शुरू हुए 'निवेश मित्र' प्लेटफॉर्म ने पहले ही अपनी उपयोगिता साबित की है। अब तक इस पोर्टल पर 21 लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 97% का निस्तारण किया जा चुका है। सरकार की डिजिटल पहल, पारदर्शी नीतियां और निवेशक-हितैषी माहौल उत्तर प्रदेश को देश के प्रमुख निवेश गंतव्यों में शामिल कर रहे हैं। 'निवेश मित्र 3.0' प्रदेश को ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
