स्कूलों में ‘जल पखवाड़ा’ जागरूकता अभियान शुरू, छात्रों में विकसित की जाएगी जल बचत की आदत
स्कूल बने जल संरक्षण के केंद्र, प्रतिदिन गतिविधियों की ऑनलाइन मॉनिटरिंग अनिवार्य
लखनऊ, अमृत विचार : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में शुक्रवार से प्रदेश में जल संरक्षण अभियान ‘जल पखवाड़ा’ शुरू हो गया है। इसकी शुरुआत प्रदेशभर के सभी प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों तथा शैक्षणिक संस्थानों से हुई है। अभियान का उद्देश्य जल संरक्षण को जन-जन का अभियान बनाना है।
यह अभियान 30 अप्रैल 2026 तक ‘जल शक्ति अभियान: कैच द रेन’ के अंतर्गत संचालित किया जा रहा है, जिसके माध्यम से विद्यार्थियों में जल संरक्षण के प्रति व्यवहारिक आदत विकसित की जा रही है।
बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संदीप सिंह ने बताया कि विद्यालयों को इस अभियान का केंद्र बनाया गया है, जिससे जल संरक्षण की सोच घर-घर तक पहुंचे। विद्यालयों में प्रतिदिन प्रार्थना सभा में ‘जल शपथ’ दिलाई जा रही है तथा जल संरक्षण विषय पर कार्यशालाएं आयोजित की जा रही हैं, जिनमें जल निगम, पंचायती राज, बेसिक शिक्षा एवं स्वास्थ्य विभाग का सहयोग लिया जा रहा है।
विद्यार्थियों की भागीदारी बढ़ाने के लिए निबंध, वाद-विवाद, प्रश्नोत्तरी, चित्रकला एवं अन्य रचनात्मक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है। साथ ही विद्यालयों में स्वच्छता अभियान चलाकर पेयजल स्रोतों एवं जल भंडारण स्थलों की साफ-सफाई कराई जा रही है तथा जल गुणवत्ता की जांच भी सुनिश्चित की जा रही है। इसके अतिरिक्त जल संरक्षण विषयक फोटो प्रदर्शनी एवं जनजागरूकता गतिविधियों के माध्यम से समाज में सकारात्मक संदेश प्रसारित किया जा रहा है।
अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने कहा, सभी जिला विद्यालय निरीक्षक एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी इस अभियान को गंभीरता से संचालित करें।
