सुकेश चंद्रशेखर का करीबा हवाला एजेंट यूएई से निर्वासित किए जाने के बाद गिरफ्तार
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने ठग सुकेश चंद्रशेखर के एक प्रमुख सहयोगी को संयुक्त अरब अमीरात से निर्वासित करने के बाद मंगलवार को यहां पहुंचने पर गिरफ्तार कर लिया। वह लगभग पांच वर्षों से फरार रहा था। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आरोपी की पहचान नवाज कक्कट इस्माइल उर्फ नवाज केआई के रूप में हुई है।
ईओडब्ल्यू ने कहा कि वह चंद्रशेखर के लिए एक महत्वपूर्ण वित्तीय सूत्रधार और हवाला ऑपरेटर था, जो उसे भारत और विदेशों, विशेष रूप से दुबई में अपराध की कमाई को भेजने में मदद करता था। ईओडब्ल्यू ने एक बयान में कहा, "इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचने पर उसे ईओडब्ल्यू की टीम ने हिरासत में ले लिया। प्रारंभिक पूछताछ के दौरान, नवाज ने गिरोह में अपनी भूमिका स्वीकार की और खुलासा किया कि वह चंद्रशेखर की पत्नी के माध्यम से उसके संपर्क में आया था।"
पुलिस उपायुक्त (ईओडब्ल्यू) अमित वर्मा ने कहा, "यह मामला रोहिणी जेल से चंद्रशेखर द्वारा चलाए जा रहे कथित जबरन वसूली गिरोह के संबंध में विशेष प्रकोष्ठ द्वारा दर्ज की गई एक प्राथमिकी से संबंधित है। चंद्रशेखर और उसके साथियों ने एक महिला व्यवसायी अदिति सिंह से 217 करोड़ रुपये से अधिक की वसूली की थी। इस मामले में अब तक चंद्रशेखर और उसकी पत्नी लीना पॉलोज समेत 22 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।"
उन्होंने कहा कि नवाज 2021 से फरार था और उसके भारत से भाग जाने का संदेह था। इसके बाद, ईओडब्ल्यू ने इंटरपोल के माध्यम से उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी कराया था। बयान में कहा गया कि उसे अबू धाबी में अधिकारियों ने हिरासत में लिया और बाद में चार मई को भारत निर्वासित कर दिया गया। उसे दिल्ली की एक अदालत में पेश किया गया, जिसने आगे की पूछताछ के लिए उसकी 10 दिनों की पुलिस हिरासत मंजूर की है।
