यूपी में महिला उद्यमिता का धमाल: 2017 से 2025 तक 14 गुना उछाल, 2026 में भी 301 नए स्टार्टअप्स में महिलाओं की जबरदस्त एंट्री
लखनऊ, अमृत विचार: प्रदेश में महिला भागीदारी के चलते स्टार्टअप इकोसिस्टम तेजी से विस्तार कर रहा है। उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (डीपीआईआईटी) के आंकड़ों के अनुसार, प्रदेश में महिला निदेशक या साझेदार वाले स्टार्टअप्स की संख्या 2017 के 174 से बढ़कर 2025 में 2525 तक पहुंच गई है।
वर्ष 2026 की शुरुआत भी इसी रफ्तार के साथ हुई है। 31 जनवरी 2026 तक 301 नए स्टार्टअप्स में महिलाओं की भागीदारी दर्ज की गई है, जिन्हें डीपीआईआईटी से मान्यता मिली है। यह बढ़त प्रदेश में महिला उद्यमिता के मजबूत होते आधार को दर्शाती है। विशेषज्ञ इस उछाल को योगी सरकार की निवेश-अनुकूल नीतियों, प्रक्रियाओं के सरलीकरण और स्वरोजगार को बढ़ावा देने वाले कदमों से जोड़कर देख रहे हैं। राज्य सरकार के प्रयासों ने युवाओं, विशेषकर महिलाओं को उद्यमिता की ओर आकर्षित किया है।
केंद्र की ‘स्टार्टअप इंडिया’ पहल और फंड ऑफ फंड्स, सीड फंड स्कीम तथा क्रेडिट गारंटी जैसी योजनाओं ने भी इस वृद्धि को गति दी है। इससे शुरुआती चरण से लेकर विस्तार तक स्टार्टअप्स को वित्तीय सहयोग मिल रहा है। प्रदेश अब देश के उभरते स्टार्टअप हब के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है। महिला भागीदारी में लगातार वृद्धि यह संकेत देती है कि प्रदेश में उद्यमिता का दायरा व्यापक हो रहा है और महिलाएं आर्थिक विकास की नई धुरी बनकर उभर रही हैं।
