LPG संकट के बीच बड़ा अपडेट... इन उपभोक्ताओं की सेवाएं की गईं बंद, जल्द पूरा करें ये काम करना जरूरी

Amrit Vichar Network
Published By Muskan Dixit
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लखनऊः देश में चल रहे एलपीजी संकट के कारण खाड़ी क्षेत्र (वेस्ट एशिया) में युद्ध और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से सप्लाई प्रभावित होने के चलते घरेलू गैस की मांग में अचानक उछाल आया है। कई उपभोक्ता ऐसे हैं जिन्होंने पिछले 9 महीनों में एक भी सिलेंडर रिफिल नहीं करवाया, लेकिन अब वे भी बुकिंग कर रहे हैं। इससे सर्वर पर दबाव बढ़ा है और अनावश्यक बुकिंग्स बढ़ गई हैं।

एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर्स एसोसिएशन (आगरा संभाग) के अध्यक्ष विपुल पुरोहित ने बताया कि ऐसे निष्क्रिय कनेक्शनों (जिनमें पिछले 9 महीने से कोई रिफिल नहीं हुआ) की सेवाएं फिलहाल रोक दी गई हैं। इन उपभोक्ताओं को नए सिरे से केवाईसी (KYC) करवाना होगा – डिस्ट्रीब्यूटर ऑफिस जाकर फिजिकल या ई-केवाईसी पूरा करना पड़ेगा। केवाईसी के बाद ही बुकिंग फिर से शुरू हो सकेगी।

इस कदम का मकसद यह जांचना है कि कनेक्शन वास्तव में एक्टिव है या नहीं, और डुप्लिकेट/निष्क्रिय कनेक्शन को रोकना है। ज्यादातर ऐसे मामले पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) यूजर्स के हैं, जो गैस की कमी के बीच बैकअप के तौर पर एलपीजी बुक कर रहे हैं।

इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के जिला नोडल अधिकारी विनीत कुमार ने स्पष्ट किया कि देश स्तर पर गैस की कोई कमी नहीं है, लेकिन पीएनजी कनेक्शन वाले उपभोक्ताओं को अपना एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करना होगा। अनावश्यक बुकिंग करके वे सिस्टम पर बोझ बढ़ा रहे हैं। सरकार और ऑयल कंपनियां अपील कर रही हैं कि केवल जरूरत पड़ने पर ही बुकिंग करें और डुअल कनेक्शन (LPG + PNG) वाले तुरंत LPG सरेंडर करें ताकि असली जरूरतमंदों को आसानी हो।

यह नियम हाल के निर्देशों के तहत लागू हुआ है, जहां निष्क्रिय कनेक्शनों (जून 2025 से पहले का आखिरी रिफिल) पर ई-केवाईसी बिना बुकिंग ब्लॉक कर दी गई है। इससे पैनिक बुकिंग और होर्डिंग को रोका जा रहा है।

अगर आपके कनेक्शन में भी 9 महीने से रिफिल नहीं हुआ है, तो जल्द से जल्द अपने डिस्ट्रीब्यूटर से संपर्क करें और केवाईसी अपडेट करवाएं। अधिक जानकारी के लिए mylpg.in या IOCL ऐप चेक करें।

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