Bareilly: एक अप्रैल से कई लेनदेन और कर छूट में अनिवार्य होगा पैन कार्ड
बरेली, अमृत विचार। पहली अप्रैल से आयकर से जुड़े कई नए नियम लागू होने जा रहे हैं, जिनका सीधा असर वेतन भोगियों, मध्यम वर्ग और कारोबारियों पर पड़ेगा। केंद्र सरकार की तरफ से आयकर व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और डिजिटल बनाने के उद्देश्य से पैन की अनिवार्यता कई लेनदेन और कर छूट मामलों में बढ़ाई जा रही है।
जानकारी के अनुसार अब कई स्थितियों में पैन (परमानेंट अकाउंट नम्बर) देना जरूरी होगा। अगर कोई व्यक्ति पुरानी कर व्यवस्था के तहत मकान किराया (एक लाख रुपये से अधिक सालाना) पर छूट लेता है, तो मकान मालिक का पैन देना अनिवार्य होगा। इसके अलावा होम लोन और एलटीसी जैसे दावों में भी पैन की अनिवार्यता लागू की गई है। नए प्रावधानों के तहत पांच लाख रुपये से अधिक के वाहन खरीद पर पैन देना जरूरी होगा।
वहीं, महंगे होटल में भुगतान और 20 लाख रुपये से अधिक के वित्तीय लेनदेन पर भी पैन अनिवार्य किया गया है। साथ ही, जो लोग सालाना 10 लाख रुपये से अधिक का निवेश या लेनदेन करते हैं, उन्हें भी पैन देना होगा। अन्य बदलावों में आईटीआर-3 और आईटीआर-4 की अंतिम तिथि 31 अगस्त 2026 तक बढ़ाई गई है, जबकि आईटीआर-1 और आईटीआर-2 की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 ही रहेगी। संशोधित रिटर्न दाखिल करने की समय सीमा भी 31 मार्च तक कर दी गई है। शिक्षा और हॉस्टल भत्ते में भी बढ़ोतरी की गई है। बच्चों का शिक्षा भत्ता 100 रुपये से बढ़ाकर 3,000 रुपये प्रतिमाह और हॉस्टल भत्ता 300 रुपये से बढ़ाकर 9,000 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। इससे जिले में भी काफी फर्क पड़ेगा।
