कफ सिरप तस्करी केस : शुभम जायसवाल समेत 18 आरोपियों की बढ़ी मुश्किलें, 38,000 पेज की चार्जशीट दाखिल
वाराणसी। उत्तर प्रदेश के बहुचर्चित प्रतिबंधित कोडीनयुक्त कफ सिरप मामले में गुरुवार को कोतवाली पुलिस ने भगोड़े सरगना शुभम जायसवाल समेत 18 आरोपियों के खिलाफ माननीय न्यायालय में 38,000 पेज की चार्जशीट दाखिल कर दी है। दूसरी ओर, भगोड़े शुभम जायसवाल को देश लाने की कवायद भी तेजी से चल रही है।
कोतवाली पुलिस ने कोडीनयुक्त कफ सिरप की अवैध बिक्री एवं तस्करी से जुड़े बड़े मामले में लगभग 38,000 पेज की चार्जशीट वाराणसी न्यायालय में दाखिल की है। यह कार्रवाई पुलिस आयुक्त वाराणसी के अपराध नियंत्रण अभियान के तहत की गई। मामला थाना कोतवाली कमिश्नरेट वाराणसी में मुकदमा संख्या 235/2025 के तहत पंजीकृत है।
आरोपियों पर एनडीपीएस एक्ट की धारा 26(डी) के साथ ही बढ़ोत्तरी में धारा 61(2), 318(4), 336(3), 338, 340(2) बीएनएस तथा एनडीपीएस एक्ट की धाराएं 8, 21, 29 और 27ए के तहत मामला दर्ज किया गया था। पुलिस उपायुक्त काशी जोन के निर्देशन, अपर पुलिस उपायुक्त काशी जोन के पर्यवेक्षण तथा सहायक पुलिस आयुक्त कोतवाली एवं प्रभारी निरीक्षक कोतवाली के नेतृत्व में यह चार्जशीट तैयार की गई है। इसमें कुल 18 अभियुक्त नामजद किए गए हैं, जिनमें एक फरार अभियुक्त भी शामिल है।
प्रमुख अभियुक्त शुभम जायसवाल को भगोड़ा घोषित किया जा चुका है। अन्य प्रमुख अभियुक्तों में भोला प्रसाद जायसवाल, प्रतीक मिश्रा, विशाल कुमार सोनकर, प्रतीक कुमार, धर्मेंद्र कुमार अग्रवाल, आदित्य जायसवाल, राहुल यादव, हिमांशु कसेरा, आकाश पाठक, विकास सिंह, अंकित कुमार श्रीवास्तव, स्वप्निल केसरी, दिनेश यादव, आशीष यादव, महेश खेतान, बादल आर्या और विशाल कुमार जायसवाल शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार, यह चार्जशीट व्यापक जांच और मजबूत साक्ष्यों के आधार पर तैयार की गई है। अभियुक्तों पर कोडीनयुक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार से जुड़े गंभीर आरोप हैं। फरार अभियुक्त शुभम जायसवाल की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
