Farrukhabad News : मकान पर बुलडोजर का साया देख फफक कर रो पड़ी महिलाएं, जानें- पूरा मामला
फर्रुखाबाद में मकान पर बुलडोजर का साया देख फफक कर रो पड़ी महिलाएं।
फर्रुखाबाद में मकान पर बुलडोजर का साया देख फफक कर महिलाएं रो पड़ी। अवैध हुई प्लाटिंग में अधबने प्लाटों की दीवारों को गिरवा दिया गया। जो मकान बन चुके हैं, उनको नोटिस दिया जा रहा है।
फर्रुखाबाद, अमृत विचार। लेआउट पास कराये बिना कराई गई प्लाटिंग को प्रशासन ने अवैध घोषित कर अधबने मकानों पर बुलडोजर चलवा दिया। जो मकान बने हैं, उन पर बुलडोजर चलने का साया मडराने लगा है। सभी को नोटिस जारी किया जाएगा। इसकी जानकारी होने पर महिलाएं घरों से बाहर निकल आई और फफक कर रोने लगी। उन्होंने सिटी मजिस्ट्रेट से दुखड़ा रोकर मकान को बचाने की गुहार लगाई। महिलाओं ने कहा कि मकान बनवाने में पूरी कमाई चली गई है, अगर मकान गिरवा दिया जाएगा तो वह बेघर हो जाएंगे।
फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र के जय नारायन वर्मा रोड स्थित बनखड़िया में करीब छह साल पूर्व प्लाटिंग की गई थी। लाखों रुपये खर्च लोगों ने प्लाट खरीद कर मकान बनवाए। यह मकान अधिकांश पूर्व सैनिकों ने प्लाट लेकर बनवाए हैं। कुछ प्लाटों पर चाहर दीवारी बनी हैं और कुछ में गेट लगे हुए थे। जो लोग मकान बनवा कर उसमें परिवार समेत रह रहे हैं, उन लोगों के होश शुक्रवार दोपहर को जेसीबी देखकर उड़ गए।
नगर मजिस्ट्रेट दीपाली भार्गव, सिटी मजिस्ट्रेट प्रदीप सिंह, कोतवाल सचिन सिंह फोर्स के साथ जेसीबी लेकर वहां पहुंचे। अधबने मकानों की दीवारों को जेसीबी से गिरवाने का काम शुरू कराया गया। यह देखकर लोग घरों से बाहर निकल आए। प्लाटों की चाहर दीवारी को गिरवाने के साथ जो मकान बने हैं, उनकी नालियों और बनी हुई रोड को जेसीबी से तोड़ दिया गया। धीरे-धीरे कर वहां लोग एकत्र होने लगे।
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मकान बनाकर रहने वाले लोगों को पता चला कि प्लाटिंग लेआउट पास कराए बिना कर दी गई थी। इस कारण कालोनी को अवैध घोषित कर मकानों को गिरवाया जाएगा। इससे महिलाएं, बच्चे घरों से बाहर निकल आए। वह सिटी मजिस्ट्रेट के पास जाकर फफक कर रोने लगी। महिलाओं ने कहा कि उन्होंने तहसील में कागज देखकर जमीन का बैनामा कराया था। उनके पास दाखिल खारिज भी है। अभी तक उनके पास कोई नहीं आया है। गुरुवार को नोटिस आया और दूसरे दिन शुक्रवार को जेसीबी से तोड़फोड़ शुरू कर दी गई।
मकान बनवाने में उनके परिवार ने पूरी कमाई लगा दी है। सेना से सेवानिवृत्त होने पर पति को जो धन मिला था, वह पूरा धन मकान बनवाने में खर्च कर दिया। अगर मकान गिरवा दिया जाएगा तो वह बेघर हो जाएगी। उनके मकान को बचाने का कोई तरीका हो, वह बताया जाए। जिससे वह अपने मकान को बचा। सिटी मजिस्ट्रेट ने प्लाटों में नया निर्माण नहीं होने दिया जाएगा। जो मकान बन चुके हैं, उन सभी को नोटिस जारी किया जाएगा, ताकि वह अपने पक्ष कोर्ट में आकर रख सकते हैं। उस पर विचार कर निर्णय लिया जाएगा। जो अपना पक्ष रखने नहीं आएगा, उसके मकान को गिरवा दिया जाएगा।
नक्शा भी कराया था पास
प्लाटों पर बनी दीवारों व गेट को जेसीबी से तुड़वाते समय घरों से निकली महिलाओं ने सिटी मजिस्ट्रेट से कहा कि उनके पति ने नक्शा पास कराकर भवन का निर्माण कराया था। जब नक्शा पास होने गया था, उसी समय आपत्ति लगा दी जाती। इससे भवन बनवाने में पति पूरी कमाई न लगाते और प्लाट बेचने वाले से रुपये वापस मांग लेते हैं। अब तो वह ऐसे मजधार में फंस गए हैं, जहां से निकला नहीं जा सकता है।
