सीएम का भतीजा बन कारोबारी से 1.80 करोड़ की ठगी, जमीन दिखाकर हड़प लिए रुपये

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चिनहट कोतवाली में दो नामजद, तीन अज्ञात पर रिपोर्ट दर्ज

लखनऊ, अमृत विचार : राजधानी में एक कारोबारी से सीएम का भतीजा बनकर ठगी का मामला सामने आया है। जमीन दिलाने के नाम पर कारोबारी से 1.80 करोड़ रुपये ऐंठ लिए गए। धोखाधड़ी का खुलासा तब हुआ जब बार-बार एग्रीमेंट टालने पर पीड़ित ने जमीन की जांच करवाई। एडीसीपी पूर्वी के आदेश पर चिनहट कोतवाली में दो नामजद समेत कुल पांच लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।

रायबरेली के गदागंज थाना क्षेत्र के धमधमा गांव निवासी शिवसागर, जो ईंट व ऑटो पार्ट्स के कारोबारी हैं, लखनऊ में जमीन खरीदना चाहते थे। 15 नवंबर 2023 को उनके परिचित, जम्मू-कश्मीर में तैनात सीआरपीएफ हवलदार बृजेश कुमार ने उन्हें अपने ससुर उपेंद्र सिंह का नंबर देते हुए कहा कि वे मुख्यमंत्री के भतीजे हैं और जमीन दिला सकते हैं।  उपेंद्र ने बाराबंकी के सफेदाबाद रेलवे स्टेशन के पीछे स्थित एक प्लॉट दिखाया। जमीन पसंद आने पर 2 करोड़ में सौदा तय हुआ। जनवरी 2024 में एक कथित मालिक से मिलवाया गया, जिसे जमीन का मालिक बताया गया। कारोबारी ने 1.80 करोड़ रुपये नकद और चेक के माध्यम से दे दिए। लेकिन एग्रीमेंट की प्रक्रिया टलती रही। जब पीड़ित ने छानबीन की तो पता चला कि वही जमीन पहले ही कई लोगों को बेची जा चुकी है। इस पर जब पीड़ित ने रुपये वापस मांगे, तो आरोपियों ने धमकाना शुरू कर दिया।

समझौते के नाम पर मोहनलालगंज बुलाकर दी धमकी
पीड़ित शिवसागर ने गृह मंत्रालय, सीएम कार्यालय और सीआरपीएफ डीजी को शिकायती पत्र भेजा। इसके बाद आरोपियों ने समझौते का प्रस्ताव रखा। 3 अक्टूबर 2024 को मोहनलालगंज में मिलने के लिए बुलाया गया। शक के चलते पीड़ित ने पिता बाबूलाल और बहनोई को भेजा। वहाँ बृजेश, उपेंद्र समेत तीन अन्य लोग कार में आए और गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। पीड़ित की शिकायत पर चिनहट थाना प्रभारी दिनेश चंद्र मिश्र ने उपेंद्र सिंह (निवासी- अयोध्या), बृजेश कुमार (निवासी- रायबरेली) व तीन अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

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