बाराबंकी में जारी है सर्दी का सितम...पछुआ हवाएं ढा रही सितम' बर्फीली हवाओं से माहौल में ठिठुरन-गलन
बाराबंकी, अमृत विचार। गर्मी में सुकून देने वाली पछुआ हवा सर्दी में सितम ढा रही है। कोहरे का असर कम हो रहा और न ही चुभने वाली बर्फीली हवाओं की वजह से माहौल में ठिठुरन व गलन में ही कोई कमी आ सकी है। बुधवार को अधिकतम 14.2 डिग्री और न्यूनतम 6.5 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। दोपहर होते धूप निकल रही पर गहराती सर्दी के आगे सूर्यदेव का भी बस नहीं चल पा रहा। किसान फसल की चिंता में दोहरा हुआ जा रहा तो बुजुर्ग, बच्चे व मूक पशु पक्षियों के लिए यह सर्दी घातक हुई जा रही है। जानकारों की मानें तो हालिया मौसम से मकर संक्रांति के बाद ही राहत के आसार हैं।
भीषण सर्दी की चपेट में आने से कोई बच नहीं सका है। उंगलियां जमा देने वाली सर्दी ने दिनचर्या पर असर तो डाला ही है, जनजीवन को अस्त व्यस्त कर रखा है। करीब एक दशक बाद पड़ रही कड़ाके की सर्दी की ही चर्चा हर तरफ है। आलम यह कि सुबह गांव घर छोड़कर मजदूरी करने को मुख्यालय आ रहे लोगों को खाली हाथ लौटना पड़ रहा। वहीं खुले आसमान के नीचे रात गुजारने वालों के लिए अलाव ही एकमात्र सहारा है लेकिन वह हर जगह उपलब्ध नहीं है।
इधर उधर घूमते पशु पक्षियों को कोई पूछने वाला नहीं, गौशालाओं में मौजूद गोवंशों की हालत भी ठीक नहीं है। लोग बहुत जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकल रहे तो घर में इस समय हीटर, ब्लोअर, कोयला व लकड़ी का प्रयोग कर सर्दी भगाई जा रही। छुट्टी होने से छोटे बच्चे तो घर में कैद हैं लेकिन कक्षा 8 से ऊपर के छात्र छात्राएं स्कूल की दूरी नाप रहे हैं। सर्दी में भी स्कूलों की मनमानी कम नहीं हुई है।
शहर ही नहीं ग्रामीण इलाकों में भी शाम घिरते ही सन्नाटा पसर जा रहा। मुख्य मार्गाें से लेकर हाईवे तक वाहनों की रफ्तार धीमी हो चली है। एक ओर कोहरे ने हर जगह हाजिरी बना रखी है तो पछुआ हवाओं से ठिठुरन व गलन में खासा इजाफा हुआ है। क्या घर क्या बाहर गर्म कपड़ों से लदे होने के बावजूद हाथ पैर ठिठुरे जा रहे। बुधवार को दोपहर बाद धूप निकली लेकिन केवल एहसास ही रहा किसी तरह की राहत नहीं मिली। उधर ट्रेनों की लेट लतीफी और यात्रियों की परेशानी लगातार जारी है।
ठंड के चलते 10 जनवरी तक स्कूल बंद
अत्यधिक ठंड एवं शीतलहर को देखते हुए विद्यार्थियों के स्वास्थ्य व सुरक्षा के मद्देनज़र जिला प्रशासन ने स्कूलों में अवकाश बढ़ा दिया है। जिलाधिकारी निर्देश अनुसार शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित सभी बोर्डों के कक्षा प्री-प्राइमरी से कक्षा 8 तक के समस्त सरकारी एवं निजी विद्यालयों में 10 जनवरी तक अवकाश घोषित किया गया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह निर्णय बच्चों को शीतलहर के दुष्प्रभाव से बचाने के उद्देश्य से लिया गया है। आदेश का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए हैं। ठंड के इस प्रकोप के बीच जिला प्रशासन के इस निर्णय से अभिभावकों और विद्यार्थियों ने राहत की सांस ली है।
