गारमेंट इंडस्ट्री का नया केंद्र बन रहा यमुना एक्सप्रेस-वे: सेक्टर-29 में आकार ले रहा अपैरल पार्क, महिलाओं के लिए बढ़ेंगे रोजगार के अवसर
लखनऊ, अमृत विचार: प्रदेश सरकार यमुना एक्सप्रेस-वे क्षेत्र को निर्यात आधारित औद्योगिक हब के रूप में विकसित करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) के सेक्टर-29 में 175 एकड़ में अपैरल पार्क विकसित किया जा रहा है, जो प्रदेश को गारमेंट इंडस्ट्री के बड़े केंद्र के रूप में स्थापित करेगा। इससे महिलाओं के रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और उनके सामाजिक-आर्थिक सशक्तिकरण को बल मिलेगा।
सेक्टर-29 का अपैरल पार्क रेडीमेड गारमेंट मैन्युफैक्चरिंग से जुड़ी निर्यात इकाइयों को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है। यहां लगभग 100 उत्पादन आधारित इकाइयां स्थापित होंगी, जो घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजार के लिए परिधान तैयार करेंगी। क्लस्टर मॉडल पर विकसित हो रहे इस पार्क से साझा सुविधाओं का लाभ मिलेगा और उत्पादन लागत घटेगी। लोकेशन के लिहाज से भी परियोजना महत्वपूर्ण है। यह क्षेत्र यमुना एक्सप्रेस-वे से सीधे जुड़ा है और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के निकट स्थित है। एयरपोर्ट के संचालन से निर्यात को गति मिलेगी, वहीं दिल्ली-एनसीआर से निकटता के कारण लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी और समयबद्ध डिलीवरी संभव होगी।
परियोजना के अंतर्गत कॉमन फैसिलिटी सेंटर में डिजाइन, ट्रेनिंग, टेस्टिंग, क्वालिटी कंट्रोल, आरएंडडी और मार्केटिंग सपोर्ट जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे छोटे और मध्यम उद्यमों को साझा संसाधनों का लाभ मिलेगा। अपैरल पार्क से सिलाई, डिजाइन, पैकेजिंग, क्वालिटी कंट्रोल और लॉजिस्टिक्स जैसे क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन होगा और टेक्सटाइल वैल्यू चेन को मजबूती मिलेगी।
एक नजर में अपैरल पार्क
स्थान: यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक क्षेत्र, सेक्टर-29
कुल क्षेत्रफल: 175 एकड़
प्रस्तावित इकाइयां: लगभग 100 निर्यात आधारित गारमेंट यूनिट
मॉडल: क्लस्टर आधारित विकास
