अतिरिक्त बजट से यूपी को राहत.... उतरेगी करोड़ों की बकायेदारी, लाखों श्रमिक परिवार और फर्मों को मिलेगी मौका
लखनऊ, अमृत विचार : बजट में खासकर मनरेगा से जुड़े परिवार और फर्मों के लिए उम्मीदों से भरा है। केंद्र ने अतिरिक्त 30 हजार करोड़ का बजट दिया है। जो राज्यों में वितरित होने पर निर्माण सामग्री और श्रमिकों का बकाया भुगतान किया जाएगा। प्रदेश में इस वर्ष की करीब 1591.29 करोड़ के आसपास बकायेदारी बनी हुई। बजट से लोगों में भ्रम भी दूर हो गया है। इससे वित्तीय वर्ष 2026-27 में नई प्रक्रिया के तहत विकसित भारत-जी राम जी के कार्य शुरू होंगे। इसके लिए भी बजट का पिटारा केंद्र सरकार ने खोला है।
प्रदेश में इस वर्ष ग्राम पंचायत में मनरेगा के तहत कच्चे-पक्के कार्य कराए गए। निर्माण के लिए फर्मों से ईंट, मौरंग, सरिया, गिट्टी, बालू आदि खरीदी गई। जिसका भुगतान समय पर न होने से करोड़ों की बकायेदारी होती गई। बीच-बीच में पर्याप्त बजट न मिलने से बकायेदारी पूर्ण रूप से खत्म नहीं हो पाई। इसी तरह कुशल व अकुशल श्रमिकों को उनकी मजदूरी समय पर न मिलने से बकायेदारी बनी रही। जानकारों की मानें तो केंद्र ने बकायेदारी का ध्यान रखते हुए आकलन कराकर अतिरिक्त बजट निर्धारित किया है।
