Moradabad: सामूहिक विवाह योजना में फर्जीवाड़े की जांच को पहुंची निदेशालय की टीम
मुरादाबाद, अमृत विचार। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में फर्जीवाड़े और निर्धारित संख्या से अधिक खर्च दिखाए जाने के आरोपों पर समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण ने जांच बिठा दी थी।
उनके द्वारा नामित समाज कल्याण निदेशालय से आई तीन सदस्यीय जांच टीम में शामिल संयुक्त निदेशक अरुण पांडेय, उपनिदेशक अमरजीत सिंह एवं उपनिदेशक अनामिका गुरुवार को समाज कल्याण विभाग के कार्यालय पहुंचीं। वहां पर जिला समाज कल्याण प्रभारी अधिकारी पंखुरी जैन मौजूद रहीं।
टीम ने मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत हुई 805 शादियों से संबंधित अभिलेखों का सत्यापन किया। इसके साथ ही लाभार्थियों से मुलाकात कर विवाह समारोह में शामिल करने की प्रक्रिया की जानकारी भी ली। प्रभारी जिला समाज कल्याण अधिकारी पंखुरी जैन ने बताया कि जिला स्तरीय प्रारंभिक जांच में 35 जोड़ों के मामलों में गड़बड़ी पाई गई है।
इनमें से 9 जोड़ों की शादी वास्तव में विवाह मंडप में हुई ही नहीं थी। उन्होंने बताया कि अब निदेशालय स्तर पर विस्तृत जांच की जा रही है, जिसके बिंदु जिला स्तरीय जांच से अलग हैं। उन्होंने कहा कि जांच अभी जारी है और सभी तथ्यों की गहन पड़ताल के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
