राजपाल यादव जेल पहुंचे: 15 साल पुरानी फिल्म की एक गलती ने डुबोई पूरी कमाई, 6 महीने की सजा काटने के लिए तिहाड़ में सरेंडर

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Published By Muskan Dixit
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मुंबईः राजपाल यादव... वो नाम जो बॉलीवुड में अपनी बेमिसाल कॉमिक टाइमिंग और हंसाने की कला के लिए जाना जाता है, आज एक गंभीर मुकदमे की वजह से तिहाड़ जेल में हैं। मामला कोई नया नहीं, बल्कि 15 साल पुरानी एक फिल्म से जुड़ा है, जिसकी असफलता ने उनकी जिंदगी को पूरी तरह बदल दिया।

पूरा मामला क्या है?

साल 2010 में राजपाल यादव ने अपनी डायरेक्टोरियल डेब्यू फिल्म ‘अता पता लापता’ (2012) बनाई। इस फिल्म के लिए उन्होंने दिल्ली स्थित मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से करीब 5 करोड़ रुपये का लोन लिया था। दुर्भाग्य से फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप हो गई। कमाई न होने के कारण लोन चुकाने में दिक्कत हुई और मामले की शुरुआत हो गई।

लोन चुकाने के लिए दिए गए चेक बाउंस हो गए। शिकायतकर्ता ने नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट (धारा 138) के तहत केस दर्ज कराया। अप्रैल 2018 में मजिस्ट्रेट कोर्ट ने राजपाल यादव और उनकी पत्नी राधा यादव को दोषी करार दिया और 6 महीने की साधारण कैद की सजा सुनाई। 2019 में सेशन कोर्ट ने भी इस फैसले को बरकरार रखा।

हाई कोर्ट से मिली थी थोड़ी राहत, लेकिन...

राजपाल ने दिल्ली हाई कोर्ट में अपील की। जून 2024 में कोर्ट ने उनकी सजा को अस्थायी रूप से सस्पेंड कर दिया और बकाया राशि चुकाने का मौका दिया। लेकिन इस दौरान ब्याज और अन्य शुल्क जोड़कर बकाया रकम बढ़कर लगभग 9 करोड़ रुपये तक पहुंच गई।

कोर्ट ने कई बार समय दिया, लेकिन राजपाल तय समयसीमा में पूरा भुगतान नहीं कर पाए। अक्टूबर 2025 तक उन्होंने दो डिमांड ड्राफ्ट के जरिए सिर्फ 75 लाख रुपये जमा किए। कोर्ट ने पाया कि अभी भी बड़ी रकम बाकी है।

कोर्ट की सख्त टिप्पणी और अंतिम फैसला

4 फरवरी 2026 को जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि सेलिब्रिटी होने के बावजूद किसी को बार-बार नरमी नहीं दिखाई जा सकती। राजपाल ने एक हफ्ते की और मोहलत मांगी, लेकिन कोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी। जज ने नोट किया कि राजपाल ने पिछले कई सालों में करीब 20 बार अपने वादे पूरे नहीं किए।

अगले दिन 5 फरवरी 2026 को राजपाल के वकील ने 25 लाख रुपये का नया चेक और पेमेंट शेड्यूल पेश किया, लेकिन कोर्ट ने सरेंडर ऑर्डर वापस लेने से इनकार कर दिया। उसी शाम करीब 4 बजे राजपाल यादव ने तिहाड़ जेल में सरेंडर कर दिया।

जेल में सरेंडर से पहले इमोशनल बयान

तिहाड़ जेल में सरेंडर करने से ठीक पहले राजपाल यादव ने अपनी आर्थिक तंगी को लेकर बेहद भावुक होकर कहा: “मेरे पास पैसे नहीं हैं। कोई मदद करने वाला नहीं है। मुझे अकेले ही इस मुश्किल का सामना करना है।”

उन्होंने यह भी कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में मुश्किल वक्त में कोई साथ नहीं देता। जब उनसे पूछा गया कि उन्होंने दोस्तों या प्रियदर्शन जैसे लोगों से मदद क्यों नहीं मांगी, तो उनका जवाब था – “यहां सब अकेले हैं।”

क्या है आगे का रास्ता?

राजपाल यादव को 6 महीने की साधारण कैद की सजा हुई है। जेल में रहते हुए भी वे पैरोल या जमानत के लिए अपील कर सकते हैं, लेकिन फिलहाल उन्हें सजा काटनी होगी।

यह मामला एक बार फिर सेलिब्रिटी लाइफ के उस कड़वे सच को उजागर करता है – जहां बाहरी चमक के पीछे कई बार गहरी आर्थिक और मानसिक परेशानियां छिपी होती हैं। राजपाल यादव के फैंस और फिल्म इंडस्ट्री अब उनके जल्द बाहर आने की कामना कर रहे हैं।

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