फाल्गुनी मेले में आस्था का सैलाब : कांवड़ लेकर भोलेनाथ की भक्ति में लीन होकर चलीं युवतियां, बाराबंकी लोधेश्वर महादेवा धाम में करेंगी जलाभिषेक
रामनगर/बाराबंकी, अमृत विचार। उत्तर भारत के सुप्रसिद्ध शिवतीर्थों में शुमार लोधेश्वर महादेवा धाम इन दिनों फाल्गुनी मेले की आस्था और उल्लास से सराबोर है। रामनगर तहसील क्षेत्र स्थित इस पावन धाम में आयोजित मेला न केवल स्थानीय श्रद्धालुओं बल्कि दूर-दराज जनपदों से आए हजारों भक्तों को आकर्षित कर रहा है। मंदिर परिसर ‘बोल बम’ के जयकारों और हर-हर महादेव के उद्घोष से गुंजायमान है।
विशेष बात यह है कि इस बार मेले में महिलाओं और युवतियों की भागीदारी उल्लेखनीय रूप से बढ़ी है। सैकड़ों महिला श्रद्धालु भगवा वस्त्र धारण कर कांवर में पवित्र जल लेकर बाबा लोधेश्वर पर जलाभिषेक करने पहुंच रही हैं। महिलाएं और युवतियां लंबी दूरी तय कर भगवान शिव की आराधना में लीन दिखाई दे रही हैं। श्रद्धालु जलाभिषेक कर सुख-शांति, समृद्धि और मनोकामना पूर्ति की प्रार्थना कर रहे हैं।
मेले में उमड़ रही भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और सुविधा के व्यापक इंतजाम किए हैं। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में पर्याप्त पुलिस बल तैनात है। लखनऊ-अयोध्या मार्ग, गोंडा-बहराइच मार्ग, फतेहपुर-महमूदाबाद मार्ग और बांदा-बहराइच मार्ग से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए यातायात व अन्य व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
मेले में आस्था और संकल्प की मिसाल भी देखने को मिल रही है। औरैया से कांवर लेकर चलीं निधि वर्मा बिठुर से गंगा जल भरकर पैदल लोधेश्वर महादेवा की ओर रवाना हुईं। उन्होंने बताया कि वह हर वर्ष अपने क्षेत्र से लोगों को कांवर लेकर महादेवा जाते देखती थीं, इसलिए इस बार स्वयं भी यह संकल्प लिया। निधि अब तक 150 किलोमीटर से अधिक की यात्रा पैदल पूरी कर चुकी हैं। उन्होंने कहा कि बाबा लोधेश्वर के दरबार में पहुंचकर वह अपनी मनोकामना पूर्ति की प्रार्थना करेंगी।
