गोरखपुर : आधुनिक सुरक्षा भवन का उद्घाटन कर बोले CM योगी, 'सुशासन के लिए सुरक्षा सबसे पहली शर्त' पुलिस प्रशिक्षण-सुविधाओं को बताया अहम

Amrit Vichar Network
Published By Anjali Singh
On

गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुशासन के लिए सुरक्षा को 'सबसे पहली शर्त' करार देते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि पुलिस सुधार, प्रशिक्षण और मूलभूत ढांचे में लगातार किए गए प्रयासों से राज्य में कानून-व्यवस्था का बेहतर माहौल बनाने में मदद मिली है।

मुख्यमंत्री ने गोरखपुर में श्री गोरखनाथ मंदिर परिसर में एक आधुनिक सुरक्षा भवन का उद्घाटन करने के बाद संबोधन में कहा, "सुरक्षा सुशासन की पहली शर्त है। हर व्यक्ति को सुरक्षा की जरूरत होती है। 

हालांकि सरकारों ने हमेशा इस दिशा में प्रयास किए हैं, लेकिन पहले उनका ध्यान ज्यादातर सिर्फ भर्ती तक ही सीमित रहता था।" योगी ने कहा कि सिर्फ कर्मियों की भर्ती करना ही पर्याप्त नहीं है बल्कि उन्हें बेहतर प्रशिक्षण और उचित सुविधाएं दिया जाना भी महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा, "एक कांस्टेबल, उपनिरीक्षक या कोई भी पुलिस अधिकारी हमारे बीच से ही आता है। उचित प्रशिक्षण और मूलभूत ढांचे की उपलब्धता के बिना वे किसी भी आम नागरिक की तरह ही रहते हैं और अपने कर्तव्यों का प्रभावी ढंग से पालन नहीं कर पाते।" 

योगी ने वर्ष 2017 में सत्ता में आने के बाद से प्रदेश में हुए बदलावों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जब उनकी सरकार सत्ता में आई थी, तब राज्य में पुलिस के आधे से ज्यादा पद खाली थे।

उन्होंने कहा कि जहां पहले एक समय में पुलिस कर्मियों के प्रशिक्षण की क्षमता लगभग तीन हजार कर्मियों तक ही सीमित थी, वहीं अब बेहतर मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता के कारण यह बढ़कर एक साथ लगभग छह हजार कर्मियों तक पहुंच गई है। 

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पहले थानों, चौकियों और बैरकों में रहने की बुनियादी सुविधाओं की कमी थी, जिसके कारण कर्मियों को मुश्किल हालात में रहना पड़ता था। उन्होंने कहा, "आज हमने हर पुलिस लाइन में लगभग 200 कर्मियों के लिए रहने की सुविधाएं सुनिश्चित की हैं, जिसमें पुरुषों और महिलाओं के लिए अलग-अलग व्यवस्थाएं की गई हैं। इससे कई पुरानी समस्याओं का समाधान हो गया है।" 

मुख्यमंत्री ने कहा कि बेहतर मूलभूत ढांचे, समय पर भर्ती और बेहतर प्रशिक्षण के रूप में मिले-जुले प्रयासों से राज्य में एक ज्यादा सुरक्षित माहौल बना है, जिसने बदले में सुशासन का एक बेहतरीन मॉडल स्थापित करने में अपना योगदान दिया है।

उन्होंने कहा कि गोरखनाथ मंदिर के पास हाल ही में बनी सुरक्षा इमारत एक मिसाल बनेगी और यह इमारत पुलिस अधीक्षक और दूसरे वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड जैसे विशिष्ट बल के जवानों के लिए भी रहने और काम करने की सुविधाएं देगी। योगी ने कहा कि यह मॉडल सुशासन और एक विकसित भारत के सपने को साकार करने में मदद करेगा।

ये भी पढ़ें :
महिला आरक्षण बिल 2026: सरकार पेश करेगी महिला आरक्षण संबंधी विधेयक, विरोध की तैयारी में विपक्ष
 

 

संबंधित समाचार