मुरादाबाद: प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिली किश्त तो खिले चेहरे
मुरादाबाद, अमृत विचार। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत चिन्हित किए गए 922 लाभार्थियों को खाते में पहली किश्त पहुंच गई। वहीं तीनों किश्त मिलने के बाद जिनके मकान बन गए हैं, उनको चाबी भी सौंपी गई। वहीं खुद सीएम ने लाभार्थियों से वर्चुअल मीटिंग के जरिए सीधे संवाद किया। संवाद करते हुए उन्होंने पूछा कि …
मुरादाबाद, अमृत विचार। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत चिन्हित किए गए 922 लाभार्थियों को खाते में पहली किश्त पहुंच गई। वहीं तीनों किश्त मिलने के बाद जिनके मकान बन गए हैं, उनको चाबी भी सौंपी गई। वहीं खुद सीएम ने लाभार्थियों से वर्चुअल मीटिंग के जरिए सीधे संवाद किया। संवाद करते हुए उन्होंने पूछा कि इस योजना का लाभ लेने के लिए किसी तरह की परेशानी या फिर सुविधा शुल्क तो नहीं देना पड़ा है। जिस पर लाभार्थियों ने इंकार करते हुए प्रदेश व केंद्र सरकार को बधाई दी। सीएम ने भरोसा दिलाया कि जल्द ही दूसरी किश्त भी उनके खातों में भेज दी जाएगी। साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि योजना की जानकारी देते हुए बताया कि इसके तहत 26480 शहरी पथ विक्रेताओं को लाभ देने का लक्ष्य रखा गया है।
केंद्र में भाजपा की सरकार बनने के बाद गरीब व मजदूरों को छत देने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना शुरू की गई थी। जिसके तहत डूडा विभाग में पात्रों का रजिस्ट्रेशन कराया जाता है। पूरी औपचारिकता होने के बाद चयनित लाभार्थियों को इस योजना के तहत मकान बनाने के लिए रकम उपलब्ध कराई जाती है। जिसके तहत इस बार पूरे प्रदेश में 200853 लाभार्थियों का चयन किया गया है।
जिसमें मुरादाबाद के करीब 833 लाभार्थी शामिल हैं। इसी के तहत सोमवार को पंचायत भवन में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें कैबिनेट मंत्री भूपेंद्र चौधरी, महापौर विनोद अग्रवाल व शहर विधायक रितेश गुप्ता और डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह तमाम भाजपाई और अफसरों ने शिरकत की। कार्यक्रम में तमाम लाभार्थियों ने भी हिस्सा लिया। तमाम लाभार्थियों के खाते में पहली किश्त के तहत करीब 4 करोड़ 61 लाख रुपए आवंटित किए गए। इसके अलावा तीन किश्त मिलने के बाद जिनके मकान बन गए हैं, उनको चाबी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वर्चुअल तरीके से जनप्रतिनिधियों व अफसरों के अलावा लाभार्थियों से सीधा संवाद किया। उन्होंने एक लाभार्थी महिला से पूछा कि योजना का लाभ लेने के लिए किसी प्रकार का कोई पैसा तो नहीं दिया है। जिस पर उसने इंकार कर दिया, इसी तरह दूसरे लाभार्थी से परेशानी के संबंध में बात की। अधिकतर लाभार्थियों ने इंकार करने के साथ ही इस योजना को सराहा।
उनका कहना था कि जीवनभर मेहनत मजदूरी करने के बाद भी वह अपना घर नहीं बना सकते थे। इस योजना के तहत उनके सिर पर भी छत हो गई। कार्यक्रम के दौरान कांठ विधायक राजेश कुमार सिंह, विधान परिषद सदस्य डा. जयपाल सिंह व्यस्त, बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष डा. विशेष कुमार गुप्ता, पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य गिरीश वर्मा, राज्यमंत्री एससी एसटी आयोग गीता प्रधान, खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड के उपाध्यक्ष गोपाल अंजान और भाजपा महानगर अध्यक्ष धर्मेंद्र नाथ मिश्रा आदि मौजूद रहे।
