बरेली: 271 करोड़ की एसटीपी लगाने के लिए दिल्ली की कंपनी को दिया ठेका

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बरेली, अमृत विचार। नमामि गंगे योजना के तहत रामगंगा नदी को मैला होने से बचाने की कोशिश परवान चढ़ती दिखाई दे रही है। नदी में नालों का दूषित पानी सीधे न मिले, इसके लिए नेशनल मिशन फार ग्रीन गंगा दिल्ली में जल निगम के अधीक्षण अभियंता नीरज कुमार और कार्यदायी संस्था दिल्ली की इनवायरो इंफ्रा …

बरेली, अमृत विचार। नमामि गंगे योजना के तहत रामगंगा नदी को मैला होने से बचाने की कोशिश परवान चढ़ती दिखाई दे रही है। नदी में नालों का दूषित पानी सीधे न मिले, इसके लिए नेशनल मिशन फार ग्रीन गंगा दिल्ली में जल निगम के अधीक्षण अभियंता नीरज कुमार और कार्यदायी संस्था दिल्ली की इनवायरो इंफ्रा इंजीनियर्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के निदेशक मनीष जैन के बीच एमओयू यानी मेमोरेंडम आफ अंडरस्टेंडिंग पर हस्ताक्षर हो गए। रामगंगा में मिलने वाले नालों के पानी को साफ करने के लिए शहर में तीन जगहों पर एसटीपी बनाए जाने का रास्ता साफ हो गया है।

नमामि गंगे कार्यक्रम के तहत जिले में देवरनियां, नकटिया व चौबारी नदी में प्रवाहित हो रहे प्रदूषित जल की रोकथाम के लिए एसटीपी निर्माण के लिए 271.39 करोड़ रुपये की स्वीकृति नेशनल मिशन फार क्लीन गंगा विभाग ने तीन जनवरी 2019 को दी थी। इसके तहत मुख्य पंपिंग स्टेशन और एसटीपी का निर्माण किया जाना है। भूमि समय से उपलब्ध नहीं होने के कारण 306.26 करोड़ रुपये का संशोधित प्रस्ताव विभाग को मंजूरी के लिए दिया गया है।

शहर के तीन स्थानों पर एसटीपी लगाए जाने हैं। हरुनगला में बीसलपुर रोड के पास 42 मिलियंस आफ लीटर पर डे (एमएलडी), हवाई अड्डे के पास ततारपुर में एक एमएलडी और बारी नगला में चौबारी नाले पर 20 एमएलडी का एसटीपी बनना है। इसके अलावा जल निगम बाकरगंज के पास सराय तल्फी में 35 एमएलडी का एसटीपी लगा रहा है, जिसका करीब 75 फीसद काम पूरा हो चुका है। इसके अलावा देवरनियां, नकटिया और चौबारी नदी में गिरने वाले 15 नालों का पानी शोधित किया जाएगा।

इस तरह से साफ किए जाएंगे नाले
सेटेलाइट चौराहा तक नकटिया नदी में गिरने वाले 13 नालों के पानी को एसटीपी में पहुंचाकर साफ हो गया। उसके बाद उन्हें नकटिया नदी में गिराया जाएगा। इन नालों के पानी को एसटीपी तक पहुंचाने के लिए करीब 16 किलोमीटर लंबी इंटरसेप्टिक पाइप लाइन बिछाई जाएगी। इसके लिए पीलीभीत रोड के किनारे खोदाई होगी।

इसमें धौरेरा माफी बैरियर नाला, धौरेरा माफी गांव नाला, सौ फुटा रोड नाला, जगतपुर पुलिस चौकी नाला, सुपर सिटी नला, सनराइज कालोनी नाला, आशीष रायल पार्क नाला, रुहेलखंड विवि नाला, महानगर नाला, हरुनगला नाला, हरुनगला नाला दो, ग्रीन पार्क नाला, सेटेलाइट बस नाला के पानी को ले जाकर एसटीपी तक पहुंचाया जाएगा। इसके अलावा शहर के तमाम मोहल्लों से निकलने वाला पानी नालों के जरिए सुभाषनगर की ओर पहुंचता है।

सुभाषनगर पुलिया पर तीन नाले मिलकर राजीव कालोनी से आगे निकलते हैं। वही, बदायूं रोड के नाले का पानी भी करगैना होते हुए चौबारी को पहुंचा है। इस तरह कई नालों का पानी चौबारी पर 20 एमएलडी के एसटीपी से शोधित होकर रामगंगा नदी में गिरेंगे। ग्राम ततारपुर में बनने वाले एसटीपी में देवरनियां नदी में प्रवाहित होने वाले एयरफोर्स नाले के पानी को पहले साफ करेगा।

तीन स्थानों पर एसटीपी निर्माण के लिए कार्यदायी संस्था के साथ अनुबंध कर लिया गया है। संस्था की टीम ने सर्वे शुरू कर दिया है। जल्द एसटीपी का निर्माण शुरू कराया जाएगा। -संजय कुमार, एक्सईएन, जल निगम

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