केरल में जल्द बनेगा दुनिया का पहला ‘भाषा-साहित्यिक’ संग्रहालय
उच्च साक्षरता दर और अद्वितीय साहित्यिक एवं सांस्कृतिक परंपरा के लिए पहचाने जाने वाले केरल में जल्द ही इस विरासत को प्रदर्शित करने के लिए एक संग्रहालय होगा, जिसे दुनिया में अपनी तरह का पहला भाषा-साहित्यिक और सांस्कृतिक संग्रहालय बताया जा रहा है। केरल सरकार ने एक नवंबर को राज्य के स्थापना दिवस पर कोट्टायम …
उच्च साक्षरता दर और अद्वितीय साहित्यिक एवं सांस्कृतिक परंपरा के लिए पहचाने जाने वाले केरल में जल्द ही इस विरासत को प्रदर्शित करने के लिए एक संग्रहालय होगा, जिसे दुनिया में अपनी तरह का पहला भाषा-साहित्यिक और सांस्कृतिक संग्रहालय बताया जा रहा है। केरल सरकार ने एक नवंबर को राज्य के स्थापना दिवस पर कोट्टायम जिले के नट्टकम में ‘अक्षर संग्रहालय’ का निर्माण शुरू करने का निर्णय लिया।
लेखकों की प्रकाशन और बिक्री सहकारी समिति, साहित्य प्रवर्तक सहकारी समिति के तत्वावधान में अद्वितीय संग्रहालय का निर्माण किया जाएगा। राज्य के सहकारिता मंत्री वी एन वासवन और संग्रहालयों के प्रभारी मंत्री अहमद देवरकोविल की बृहस्पतिवार को हुई संयुक्त समीक्षा बैठक में संग्रहालय भवन का निर्माण शुरू करने का निर्णय लिया गया।
एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि भाषा के मूल्यांकन और भाषण से लेकर आधुनिक पाठ तक के शब्दों को प्रदर्शित करने वाली प्रदर्शनी, संग्रहालय के प्रमुख आकर्षणों में से एक होगी जिसे वैश्विक मानकों के अनुरूप डिजाइन किया गया है। विभिन्न युगों में विद्यमान भाषा के मूल्यांकन की प्रस्तुति के अलावा, प्रस्तावित संग्रहालय आगंतुकों को गुफा चित्रों से लेकर आधुनिक साहित्यिक कार्यों तक सब कुछ एक बार में अनुभव करने का अवसर प्रदान करेगा।
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