बरेली: सर्राफ की पत्नी ने दहेज प्रताड़ना व रंगभेद के तानों के चलते लगाई थी फांसी
बरेली, अमृत विचार। आंचल कॉलोनी में सर्राफ नितेश जिंदल की पत्नी निकिता जिंदल के आत्महत्या मामले में बारादरी पुलिस ने सर्राफ समेत चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। सर्राफ के ससुर ने आरोपियों पर बेटी को दहेज के लिए प्रताडि़त करने और काले रंग को लेकर ताने देने के आरोप लगाए हैं। …
बरेली, अमृत विचार। आंचल कॉलोनी में सर्राफ नितेश जिंदल की पत्नी निकिता जिंदल के आत्महत्या मामले में बारादरी पुलिस ने सर्राफ समेत चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। सर्राफ के ससुर ने आरोपियों पर बेटी को दहेज के लिए प्रताडि़त करने और काले रंग को लेकर ताने देने के आरोप लगाए हैं। निकिता ने आत्महत्या से पहले अपनी मां को डायरियां और पत्र भी दिए हैं, जिनसे इन बातों का खुलासा हुआ है।
आंचल कॉलोनी निवासी सर्राफ नितेश जिंदल की पत्नी निकिता जिंदल ने 26 सितंबर को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। मौके से किसी तरह का कोई सुराग और सुसाइड नोट न मिलने पर निकिता की मौत की गुत्थी उलझ गई थी। उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर के काशीनगर स्थित सिंघयाना मोहल्ला निवासी हरिओम अग्रवाल ने बताया कि उनकी बेटी निकिता की शादी 29 जनवरी 2012 को बरेली निवासी नितेश जिंदल से हुई थी। शादी के बाद से ही नितेश व उसके परिजन दहेज को लेकर निकिता को प्रताड़ित कर रहे थे।
जिसकी वजह से वह कुछ-कुछ समय के अंतराल पर बरेली आते और अपने दामाद को उपहार स्वरूप दहेज की मांग पूरी करते जा रहे थे। इसी दौरान सर्राफ नितेश जिंदल ने कार की मांग रख दी। हालांकि हरिओम अग्रवाल के मुताबिक सर्राफ की वह मांग भी पूरी की गई। जिसके कुछ दिनों बाद निकिता ने अपने घर फोन करके बताया कि उसकी सास व अन्य ससुराल वाले उसके काले रंग को लेकर उसे मानसिक तौर पर परेशान कर रहे हैं।
उन्होंने जान से मारने की नीयत से निकिता के खाने में जहर भी मिला दिया था। जिसके बाद निकिता के परिजनों ने बरेली पहुंचकर उसका इलाज करवाया था। आरोप है कि नितेश व उसके परिजन अप्रैल 2021 से प्रतिमाह 30 हजार रुपये जबरन ले रहे थे। इधर निकिता के रंग को लेकर ताने देते हुए आत्महत्या करने के लिए उकसा रहे थे। निकिता जिंदल के पिता की तहरीर के आधार पर बारादरी पुलिस ने नितेश जिंदल, सुरेश जिंदल, संतोष जिंदल व राहुल जिंदल के खिलाफ दहेज एक्ट समेत आत्महत्या के लिए उकसाने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है।
निकिता की डायरियों से खुला मौत का राज
निकिता जिंदल के पिता ने बताया कि ससुरालियों द्वारा जहर दिए जाने के बाद भी निकिता ने पुलिस से शिकायत करने को मना कर दिया था। हालांकि निकिता अपनी आपबीती डायरी में लिख रही थी। बताया कि कुछ समय पहले निकिता की मां बरेली पहुंची थीं। जिन्हें निकिता ने वह डायरियां व पत्र सौंपते हुए कहा था कि इन्हें कभी मत खोलना, शायद भविष्य में इनकी जरूरत पड़ सकती है। निकिता की मौत के पांच दिन बाद उन्हीं डायरी व पत्रों को मायके पक्ष ने पढ़ा तो बेटी की आपबीती पढ़कर आंखों से आंसू छलक उठे।
