यूपी चुनाव 2022: बस्ती में भाजपा के सामने इतिहास दोहराने की चुनौती, विपक्षी दल के प्रत्याशी दे रहे कड़ी टक्कर
लखनऊ। छठे चरण में बस्ती जिलों की सीटों पर भाजपा के सामने इतिहास दोहराने की चुनौती है। वजह है कि बाकी दल सपा, बसपा व कांग्रेस इन सीटों को अपने खाते में लाने के लिए कड़ा संघर्ष कर रहे हैं। बसपा ने हरैया सीट छोड़कर सभी सीटों पर नये चेहरों पर दांव लगाया है, जबकि …
लखनऊ। छठे चरण में बस्ती जिलों की सीटों पर भाजपा के सामने इतिहास दोहराने की चुनौती है। वजह है कि बाकी दल सपा, बसपा व कांग्रेस इन सीटों को अपने खाते में लाने के लिए कड़ा संघर्ष कर रहे हैं। बसपा ने हरैया सीट छोड़कर सभी सीटों पर नये चेहरों पर दांव लगाया है, जबकि कांग्रेस ने सदर, हरैया व महादेवा सीटों पर नये चेहरों को मौका दिया है। सपा ने पुराने व नये चेहरों को चुनाव मैदान में उतारा है।
पिछले चुनाव में मोदी लहर के कारण जिले की सारी विधानसभा सीटें भाजपा के खाते में चली गई थीं, जबकि इससे पहले इन सीटों पर कांग्रेस, बसपा व सपा के प्रत्याशी जीतते रहे हैं। वर्तमान में जिले में संसदीय सीट पर भी भाजपा का कब्जा है। पिछले चुनाव में भाजपा के हरीश द्विवेदी ने बसपा के राम प्रसाद चौधरी को हराया था।
बस्ती सदर सीट पर कुल मतदाताओं की संख्या 3,50,307 है। इस सीट पर सबसे ज्यादा दलित मतदाता हैं। इनकी संख्या 55,973 है, जबकि अन्य मतदाताओं में ब्राहमण 44,535, मुस्लिम 43,564, कुर्मी 42,985 व बाकी अन्य वर्गों के मतदाता हैं। 2017 से पहले इस सीट पर कांग्रेस व बसपा का कब्जा था, जबकि पिछले चुनाव में भाजपा के दयाराम चौधरी ने सपा के महेंद्र नाथ यादव को हराया था। इस बार भाजपा व सपा ने अपने पिछले प्रत्याशी चुनाव मैदान में उतारे हैं।
कप्तानगंज सीट पर कुल मतदाताओं की संख्या 3,46,149 हैं। इसमें ब्राहमण 48,835 हैं, जबकि दलित 58,535, मुस्लिम 38,252 व बाकी अन्य मतदाता हैं। वर्ष 2017 से पहले इस सीट पर बसपा का कब्जा रहा है, जबकि पिछले चुनाव में भाजपा के चन्द्र प्रकाश शुक्ला ने पूर्व मंत्री व लगातार पांच बार विधायक रहे बसपा के राम प्रसाद चौधरी को हराकर सीट भाजपा के खाते में दी थी। इस बार भाजपा ने पिछले प्रत्याशी को चुनाव मैदान में उतारा है, जबकि सपा ने पूर्व मंत्री राम प्रसाद चौाधरी के पुत्र अतुल चौधरी को टिकट दिया है।
हरैया सीट क्षेत्र में कुल मतदाता 3,69,835 हैं, जिसमें ब्राहमण मतदाता सबसे ज्यादा हैं। इनकी संख्या 66,319 है। अन्य मतदाताओं में क्षत्रिय वर्ग 45,499, मुस्लिम 26,438 व दलित 60,458 हैं, जबकि अन्य वर्ग के मतदाता शामिल हैं। पिछले चुनाव में भाजपा के अजय कुमार सिंह ने सपा के राज किशोर सिंह को हराया था। इस बार भाजपा से अजय कुमार सिंह हैं, जबकि कांग्रेस ने लबोनी सिंह को टिकट दिया है। सपा ने त्रयंबक पाठक को टिकट दिया है।
रुधौली सीट में कुल मतदाता 4,10,054 हैं। इसमें ब्राहमण 49,631, दलित 70,302, मुस्लिम 41,782 व बाकी अन्य वर्ग के मतदाता हैं। 2017 से पहले इस सीट पर कांग्रेस का कब्जा था, पर उनके पाला बदलने के कारण यह सीट भाजपा के खाते में आ गई। पिछले चुनाव में भाजपा के संजय कुमार जायसवाल ने बसपा के राजेंद्र प्रसाद चौधरी को हराया था। इस बार भाजपा ने संजय जायसवाल की पत्नी संगीता प्रताप जायसवाल को चुनाव मैदान में उतारा है, जबकि सपा ने बसपा से आये राजेंद्र प्रसाद चौधरी व कांग्रेस ने बसंत चौधरी को टिकट दिया है।
महादेवा सीट पर मतदाताओं की संख्या 3,42,918 है, जिसमें दलित 81,101, ब्राहमण 43,717, मुस्लिम 33,314, कुर्मी 39,408 व बाकी अन्य वर्गों के मतदाता हैं। इस सीट पर कांग्रेस, बसपा, सपा व भाजपा सभी के खाते में रही है। पिछले चुनाव में भाजपा के रवि कुमार सोनकर ने बसपा के दूध राम को हराया था। इस बार रवि कुमार सोनकर फिर चुनाव मैदान में हैं।
जिला बस्ती-विधानसभा सीटें-5
-हरैया
-कप्तानगंज
-रुधौली
-बस्ती सदर
-महादेवा सुरक्षित
कहां से कौन
सदर सीट
भाजपा-दया राम चौधरी
सपा-महेंद्र नाथ यादव
बसपा-आलोक रंजन वर्मा
कांग्रेस-देवेंद्र कुमार श्रीवास्तव
हरैया सीट
भाजपा-अजय कुमार सिंह
सपा-त्रियंबकम नाथ पाठक
बसपा-राज किशोर सिंह
कांग्रेस-लबोनी सिंह
कप्तानगंज सीट
भाजपा-चन्द्र प्रकाश शुक्ला
सपा-अतुल चौधरी
बसपा-जहीर अहमद
कांग्रेस-अंबिका सिंह
महादेवा सुरक्षित सीट
भाजपा-रवि सोनकर
कांग्रेस-ब्रजेश किशोर
बसपा-लक्ष्मी चन्द्र खरवार
रुदौली सीट
भाजपा-संगीता जायसवाल
सपा-राजेद्र प्रसाद चौधरी
बसपा-अशोक मिश्रा
कांग्रेस-बसंत चौधरी
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