तेलंगाना में नसबंदी के बाद चार महिलाओं की मौत के मामले में जांच करेगा NCW, निष्पक्ष सहयोग के लिए प्रशासन को लिखा पत्र

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नई दिल्ली। तेलंगाना में सरकार द्वारा प्रायोजित एक शिविर में नसंबदी प्रक्रिया के बाद चार महिलाओं की मौत के मामले की जांच के लिए राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने दो सदस्यीय समिति गठित की है। आयोग ने तेलंगाना के पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर मामले में प्राथमिकी दर्ज करने के साथ ही निष्पक्ष एवं समयबद्ध …

नई दिल्ली। तेलंगाना में सरकार द्वारा प्रायोजित एक शिविर में नसंबदी प्रक्रिया के बाद चार महिलाओं की मौत के मामले की जांच के लिए राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने दो सदस्यीय समिति गठित की है। आयोग ने तेलंगाना के पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर मामले में प्राथमिकी दर्ज करने के साथ ही निष्पक्ष एवं समयबद्ध तरीके से जांच करने को कहा है। आयोग ने पांच दिन के भीतर की गई कार्रवाई से अवगत कराने का भी निर्देश दिया है।

आयोग ने एक बयान में कहा कि मीडिया की खबरों के अनुसार, तेलंगाना के रंगा रेड्डी जिले में सरकार द्वारा प्रायोजित शिविर में नसबंदी कराने वाली चार महिलाओं ने सर्जरी के कारण उत्पन्न हुईं जटिलताओं के कारण दम तोड़ दिया। बयान में कहा गया कि यह गंभीर चिंता का विषय है। आयोग ने एनसीडब्ल्यू की सदस्य सचिव मीता राजीवलोचन की अध्यक्षता में दो सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है।

दल अस्पताल का दौरा करेगा और अपनी जांच के तहत संबंधित अधिकारियों से मुलाकात करेगा। आयोग ने कहा कि यह घटना चिकित्सकीय लापरवाही का मामला है और संबंधित चिकित्सकों के लाइसेंस रद्द किए जाने के साथ ही उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाना चाहिए।

क्या है पूरा मामला
दरअसल बीते 25 अगस्त को तेलंगाना के रंगा रेड्डी जिले का इब्राहिमपटन सिविल अस्पताल ने सरकार द्वारा नसबंदी शिविर आयोजित किया गया था। शिविर में भाग लेने वाली महिलाओं की महज पांच दिन के भीतर चार महिलाओं की मौत हो गई। इसके बाद मृतक महिलाओं के आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल के बाहर प्रदर्शन किया, जिसके बाद मामले में राज्य सरकार ने जांच के आदेश दिए।
इस मामले को राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने गंभीरता से लिया है। और जांच के लिए दो सदस्यीय समिति गठित की है।

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