बरेली: जर्जर आवासों में डर के बीच गुजर रही रात, कई वर्षों से नहीं हुई मरम्मत, दीवारों में उतर आता है करंट
बरेली, अमृत विचार। तीन दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश से जिला अस्पताल स्थित जर्जर आवासों में निवास करने वाले कर्मचारियों की रातें डर के बीच गुजर रही हैं। यहां बने आवास कई दशक पुराने हैं। मरम्मत न होने के कारण भवनों की हालत काफी दयनीय है। घरों की दीवारों में दरारें पड़ गई हैं। …
बरेली, अमृत विचार। तीन दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश से जिला अस्पताल स्थित जर्जर आवासों में निवास करने वाले कर्मचारियों की रातें डर के बीच गुजर रही हैं। यहां बने आवास कई दशक पुराने हैं। मरम्मत न होने के कारण भवनों की हालत काफी दयनीय है। घरों की दीवारों में दरारें पड़ गई हैं। जिससे कर्मचारियों में डर है कि बारिश के चलते कहीं भवन भरभराकर गिर न जाए। मामला उच्चाधिकारियों के संज्ञान में होने के बाद भी इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
आवासों में बेतरतीब ढंग से बिजली के तार दीवारों से चिपके हुए हैं। कर्मचारियों का कहना है कि कई बार परिवार के सदस्यों को करंट के झटके भी महसूस हुए। इस कारण हादसे का डर बना रहता है। आवासों की मरम्मत के लिए शासन की ओर से हर साल विभाग को बजट भी आवंटित किया जाता है। कर्मचारियों का कहना है कि कई वर्षों से आवासों की मरम्मत विभाग की ओर से नहीं कराई गई है। अब ये बजट कहां खपाया जा रहा है, इस पर सवाल उठ रहे हैं।
बजट के अभाव के चलते आवासों की मरम्मत नहीं कराई गई है। हालांकि, कर्मचारियों की शिकायत पर तुरंत समस्या का निस्तारण कराया जाता है। बजट मिलते ही मरम्मत कराई जाएगी। –डाॅ. मेघ सिंह, अपर निदेशक एवं प्रमुख अधीक्षक
