UP IPS Transfers : योगी सरकार ने 5 आईपीएस अधिकारियों के किए तबादले, जौहर विश्वविद्यालय विवाद के बीच हटाए गए रामपुर एसपी सोमेंद्र मीना

Amrit Vichar Network
Edited By Deepak Mishra
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उत्तर प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को पांच आईपीएस अधिकारियों के तबादले किए। रामपुर एसपी सोमेंद्र मीना को हटाकर आरआई आगरा जोन भेजा गया है, जबकि अनिल कुमार सिंह को नया एसपी रामपुर बनाया गया है। ललितपुर एसपी मो. मुस्ताक को डीसीपी लखनऊ कमिश्नरेट और संजीव कुमार बाजपेई को ललितपुर का एसपी नियुक्त किया गया है।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के पांच अधिकारियों के तबादले किए। इनमें सबसे अधिक चर्चा रामपुर के पुलिस अधीक्षक सोमेंद्र मीना के स्थानांतरण की रही, क्योंकि यह फैसला जौहर विश्वविद्यालय विवाद के बीच लिया गया है।

शासन के आदेश के अनुसार, रामपुर के एसपी सोमेंद्र मीना को हटाकर पुलिस अधीक्षक, क्षेत्रीय अभिसूचना (आरआई) आगरा जोन के पद पर तैनात किया गया है। उनकी जगह अनिल कुमार सिंह को रामपुर का नया पुलिस अधीक्षक बनाया गया है।

ललितपुर के एसपी भी बदले

तबादला सूची में ललितपुर के पुलिस अधीक्षक मो. मुस्ताक का नाम भी शामिल है। उन्हें लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट में पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) के पद पर भेजा गया है। वहीं, उनकी जगह 2018 बैच के आईपीएस अधिकारी संजीव कुमार बाजपेई को ललितपुर का नया पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है। इससे पहले वह 43वीं वाहिनी पीएसी में सेनानायक के पद पर तैनात थे।

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गोपाल कृष्ण चौधरी को मिली नई जिम्मेदारी

शासन ने डीसीपी लखनऊ कमिश्नरेट गोपाल कृष्ण चौधरी का भी तबादला करते हुए उन्हें 32वीं वाहिनी पीएसी, लखनऊ में सेनानायक के रूप में तैनात किया है। हालांकि सरकार की ओर से तबादलों के पीछे कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया गया है, लेकिन रामपुर में जौहर विश्वविद्यालय से जुड़े घटनाक्रम के बीच एसपी सोमेंद्र मीना का स्थानांतरण राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है।

क्यों चर्चा में है रामपुर?

रामपुर इन दिनों सपा नेता आजम खां के ड्रीम प्रोजेक्ट जौहर विश्वविद्यालय को लेकर सुर्खियों में है। हाल ही में विश्वविद्यालय के 38 भवनों को अवैध घोषित किए जाने के बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू करने की तैयारी चल रही है। इसी बीच जिले के एसपी का तबादला होने से इस प्रशासनिक फैसले को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि शासन ने इस तबादले को नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा बताया है।

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