मुरादाबाद : ‘खतरे से दूर रहकर सुरक्षित दिवाली मनाने को बरतें सावधानी’
मुरादाबाद, अमृत विचार। सुरक्षित, सुखमय दिवाली मनाने से खुशियां बढ़ जाएंगी। खुद और दूसरों को भी सुरक्षित रखने के लिए सावधानी अत्यंत जरुरी है। पटाखे जलाने के समय पर्यावरण में प्रदूषण न हो इसका ख्याल रखने के साथ ही उसे जलाने में खुद न झुलसें इसके लिए सतर्कता बरतनी होगी। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के …
मुरादाबाद, अमृत विचार। सुरक्षित, सुखमय दिवाली मनाने से खुशियां बढ़ जाएंगी। खुद और दूसरों को भी सुरक्षित रखने के लिए सावधानी अत्यंत जरुरी है। पटाखे जलाने के समय पर्यावरण में प्रदूषण न हो इसका ख्याल रखने के साथ ही उसे जलाने में खुद न झुलसें इसके लिए सतर्कता बरतनी होगी।
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के जिला आपदा विशेषज्ञ पंकज मिश्र ने कहा कि त्योहार खुशियां देती है। इसके लिए जरूरी है कि सौहार्दपूर्ण और हंसी खुशी के बीच इसे मनाया जाए। सुरक्षित दिवाली के लिए सभी को सावधानी और सतर्कता बरतनी चाहिए। खासकर पांच साल से कम उम्र के बच्चों, वरिष्ठ नागरिक, दिव्यांग, बीमार और महिलाएं काफी संवेदनशील होती हैं। इनके प्रति सभी को विशेष ध्यान देना होगा। पटाखे जलाते समय सुरक्षित तरीके अपनाने से ही पर्व की खुशियां बढ़ेंगी।
इन बातों पर रखें विशेष ध्यान
- पटाखे जलाते समय नपूरी आस्तीन के कपड़े पहनें। सिंथेटिक और अधिक ढीले कपड़े न हों जिससे आग लगने की गुंजाइश कम रहे।
- पटाखे जलाने के लिए लम्बे डंडे प्रयोग करें।
- राकेट वाले पटाखे जलाने से परहेज करें। क्योंकि यह किसी झोपड़ी, कच्चे मकान, पशुशाला या पशुओं के ऊपर गिरने से आग लगने का खतरा अधिक रहता है। बिजली के ट्रांसफार्मर पर पटाखे गिरने से आग भी लग सकता है।
- बुजुर्गों को ध्यान में रखते हुए हल्के आवाज वाले पटाखे जलाएं। इससे ध्वनि प्रदूषण मे कमी आयेगी तथा हृदय रोग के मरीजों को आसानी होगी।
- पटाखे को कांच की बोतल, प्लास्टिक के डब्बे, पाइप, बर्तन या किसी खंभे में बांध कर नहीं जलाना चाहिए।
- किसी भी पालतू जानवर के पास पटाखे ना जलाएं। वह पटाखे की आवाज से भयभीत हो जाते हैं तेज पटाखे की आवाज़ से उनका स्वभाव बदलने से हिंसक होने की आशंका बढ़ जाती है।
- बड़ों की निगरानी में ही छोटे बच्चे पटाखे जलाएं
- सड़क, गली, हाइवे, चौराहे और किसी दुकान के सामने पटाखे न जलाएं
- पटाखे जलाते समय संभव हो तो मास्क पहनें, इससे प्रदूषित वायु के नुकसान से बच सकते हैं
- दिवाली पर घर के सजावट के लिए लगाने वाली इलेक्ट्रिक लड़ियों को एक्सटेंशन से या बिजली के बोर्ड से बिजली की सप्लाई दें , तार को काटकर या गांठ बांधने से शॉर्ट सर्किट होने की संभावना रहती है। इससे घर में आग लग सकती है। तार खुले या स्टील के रेलिंग से छूने पर करंट से बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
- आपके आसपास कहीं आग लग जाए तो तुरंत अग्निशमन विभाग को सूचना दें।
- आग से झुलसे या गंभीर रुप से जले व्यक्ति को तुरंत अस्पताल पहुंचाएं
- सड़क पर जाम न लगाएं, एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की गाडी को रास्ता दें।
- संभव हो तो घर में स्मोक डिटेक्टर लगवाएं। यह आग लगने पर जीवन के अवसर को दोगुना कर देता है।
- घर में फायर इंस्टिग्यूशर रखें। उसे चलाना सीख लें
- आग तेजी से फैल रही हो तो अग्निशमन विभाग को सूचना दें और बाहर निकल आएं।
- होल्ड ड्राप रोल: यदि कपड़े में आग लग गई हो तो भागें नहीं। तुरंत रूक जाएं। जमीन पर लेटें और जिस भाग में आग लगी हो उस साइड जमीन पर तब तक लोटते रहें जब तक आग बुझ न जाए।
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