अयोध्या: चुनाव आयोग के आदेशों की उड़ रहीं धज्जियां, नहीं फीड हो रहा मतदाता फार्म का डाटा
अमृत विचार, अयोध्या। भारत निर्वाचन आयोग की मंशा है कि मतदाता सूची में अधिक से अधिक वोटर जुड़े। लेकिन मतदाता सूची के कार्यों को अंजाम देने वाली जिले की प्रशासनिक मशीनरी ही चुनाव आयोग के आदेशों की धज्जियां उड़ा रहा है। विधान सभा निर्वाचक नामावलियों को लेकर चलाये जाने वाले विशेष पुनरीक्षण अभियान दिवस पर नाम बढ़वाने, कटवाने व संशोधन के लिए फार्म जमा करवाए जाते हैं। मतदाताओं की ओर से फार्म भरकर बूथों पर जमा किये जाते हैं। लेकिन जो फार्म बूथों पर जमा हो जाते हैं उनकी सही तरीके से फीडिंग ही नहीं की जाती।
अफसरों की लापरवाही का खामियाजा मतदाताओं को तब भुगतान पड़ता है, जब उन्हें मतदान केन्द्र से बिना मतदान के वापस लौटा दिया जाता है। वोटरों के नाम, पते और फोटो की फीडिंग में यही लापरवाही मतदान से वंचित लोगों की नाराजगी के चलते चुनाव आयोग की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाती है। रविवार को मतदान केन्द्रों पर आयोजित विशेष पुनरीक्षण अभियान दिवस पर मतदाता सूची में गड़ड़ियों की कई वजह सामने आई।
इन गड़बड़ियों के लिए बीएलओ भी सीधे तौर पर मतदाताओं के जमा फार्मों की कम्प्यूटर में सही फीडिंग न करने और फोटो गलत लगाये जाने के लिए फीडिंग व्यवस्था को ही जिम्मेदार मानते हैं। मतदाता सूची बनाने वाली प्रशासनिक मशीनरी की लापरवाही का नतीजा यह है कि हजारों मतदाता मतदान के दिन वोटिंग करने से वंचित रह जाते हैं।
सीतापुर आंख अस्पताल मतदान केन्द्र पर तैनात बीएलओ अश्विनी पाण्डेय और तनवीर अहमद के मुताबिक हम लोग फार्म भरकर तहसील में जमा कर देते हैं, लेकिन वहां फार्मों की सही फीडिंग नहीं होती। अगर किसी फार्म की फोटो अलग हो जाती है तो उसकी जगह किसी दूसरे की फोटो लगा दी जाती है। जबकि होना यह चाहिये कि बीएलओ को फोन करके बुलायें और फोटो सही वोटर की ही लगवाएं।
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यही नहीं वोटर बढ़ाने के लिए फार्म-6 भरकर दिया जाता है तो उसकी फीडिंग नहीं की जाती है। पिछले अभियान में कई फार्म भरकर जमा किये गये लेकिन नई मतदाता सूची में उन वोटरों का नाम नहीं चढ़ाया गया। नाम, पते और फोटो भी गलत दर्ज कर दी गयी। नामों की स्पेलिंग तक सही नहीं दर्ज होती। बूथ पर जब वोटर आता है तो वह हम लोगों पर नाराजगी जताता है।
वोटर लिस्ट में नाम अंशू का, फोटो नसीम की
विधान सभा निर्वाचक नामावली में बड़े पैमाने पर गड़बड़ियां सामने आ रही हैं। मतदाता सूची में नाम और पते के साथ फोटो भी बदल गयी है। ऐसा ही कुछ वोटरों की शिकायत रविवार को विशेष मतदाता पुनरीक्षण अभियान दिवस पर फार्ब्स इंटर कॉलेज बूथ पर सामने आयी। यहां पहुंची महिला मतदाता फिरदौस ने बताया कि उसने इसी कॉलेज में बूथ सं. 116 पर नाम दर्ज कराने के लिए फार्म-6 भरकर दो माह पहले बूथ सं. 116 के बीएलओ अशोक श्रीवास्तव के पास जमा किया था।
लेकिन नई वोटर लिस्ट में भी उसका नाम नहीं चढ़ाया गया। मुगलपुरा निवासी जहीर शाह की शिकायत है कि वोटर लिस्ट में उसके पुत्र नसीम की फोटो तो है लेकिन नाम अंशू यादव पुत्र कलावती यादव दर्ज है। उसने पिछली बार इसी बूथ पर संशोधन के लिए फार्म 8 जमा किया लेकिन फिर भी सूची में नाम नहीं सही किया गया। बूथ सं. 115 के बीएलओ राम अचल यादव ने बताया कि पिछली बार जो बीएलओ 116 के थे, वह इस बार यहां नहीं तैनात हैं।
विशेष अभियान के दौरान बूथों पर रही फार्म-6 व 8 की भारी कमी रही। सीतापुर आंख अस्पताल पर बूथ सं. 123 से 127 तक तैनात बीएलओ अश्विनी, विजय, ऊषा, तनवीर व प्रीति ने बताया कि फार्म 6 व 8 की कमी है। मांगने पर भी उपलब्ध नहीं कराया गया। इसी तरह अन्य बूथों पर भी फार्मों की कमी के कारण कई मतदाता वोटर लिस्ट में अपना नाम बढ़वाने, कटवाने और संशोधन के लिए फार्म जमा नहीं कर सके।
