शाहजहांपुर: करोड़ों की सरकारी जमीन पर भू-माफिया ने किया प्लाटिंग का प्रयास
शाहजहांपुर, अमृत विचार। शाहबाजनगर गांव में स्थित करोड़ों की सरकारी जमीन पर भू-माफिया का साया पड़ गया। माफिया ने खाली पड़ी सरकारी जमीन को जोत दिया और उस पर प्लाटिंग कर जमीन को खुर्दबुर्द करने का प्रयास शुरू कर दिया।
गांव वालों की शिकायत पर एडीएम न्यायिक राशिद अली खान और एसडीएम सदर शैलेंद्र गौतम ने प्लाटिंग के लिए लगाई गई ईंटें उखड़वा दीं और जमीन को फिर से सरकार के कब्जे में ले लिया गया। सरकारी जमीन पर कब्जा करने की साजिश रचने वाला भू- माफिया कौन था पुलिस इसकी जांच कर रही है।
बीते दिनों प्रशासन को शिकायत मिली थी कि गांव शाहबाजनगर में स्थित लगभग तीन बीघा सरकारी जमीन पर अवैध रूप से कब्जा करके प्लाटिंग करने का प्रयास किया जा रहा है। इसके बाद सदर तहसील की टीम ने मौके पर जाकर जांच की। जांच में पता चला कि जमीन को जोतकर प्लाटिंग करने के लिए ईंट से डिमार्केशन की गई है।
पूरी जमीन को छोटे-छोटे टुकड़ों में बांटा गया है। भू-माफिया के कुछ लोगों ने गांव में पहुंच कर यह काम किया है। बताया जा रहा है कि सरकारी जमीन को खुर्दबुर्द करने की साजिश रचने वाला यह भू- माफिया महानगर में एक अन्य स्थान पर भी प्लाटिंग कर चुका है।
पुरानी साइट पर प्लाट खरीदने के लिए आने वालों को माफिया इस प्लाट पर भेजकर प्लाट बेचने का प्रयास कर रहा था। इसकी भनक गांव वालों को लग गई और उन्होंने मामले की शिकायत प्रशासनिक अधिकारियों से कर दी वरना माफिया सरकारी जमीन को बेच कर करोड़ों के बारे-न्यारे कर निकल जाता और बाद में प्लाट खरीदने वालों के घर ढहाए जाते।
जिस जमीन पर प्लाटिंग का प्रयास हो रहा था वह जमीन संरक्षित श्रेणी की है और यहां किसी प्राइवेट व्यक्ति का कब्जा किसी हालत में नहीं हो सकता है। प्रॉपर्टी के काम से जुड़े कुछ लोग बताते हैं कि इस तरह कोई सरकारी जमीन पर कब्जा करने का प्रयास नहीं कर सकता है।
यह काम बिना राजनीतिक या प्रशासनिक अधिकारी-कर्मचारियों की मिलीभगत के बिना नहीं हो सकता है। इस मामले में एक लेखपाल का नाम आ रहा है। बताया जा रहा है कि लेखपाल को विश्वास में लेने के बाद ही यह प्लाटिंग का काम शुरू किया गया था।
शुरूआत में गांव के लोगों ने लेखपाल को जानकारी दी थी, लेकिन लेखपाल ने मामले में कार्रवाई नहीं की। लेखपाल ने न तो अवैध प्लाटिंग के प्रयास को रोका और न ही इसकी रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी। एक सफेदपोश का नाम भी प्रकरण में आ रहा है।
शिकायत मिलने पर मामले की जांच की गई थी। जांच में पता चला कि कोई व्यक्ति जमीन पर अवैध कब्जा करके प्लाटिंग करने का प्रयास कर रहा था। समय रहते कार्रवाई करते हुए प्रशासन ने जमीन को कब्जे में ले लिया है। प्लाटिंग करने का प्रयास कौन कर रहा था इस पता लगाया जा रहा है।
-राशिद अली खान, एडीएम न्यायिक।
