कासगंज: घोटालेबाज सचिवों पर लटकी तलवार, वेतन वृद्धि पर लगाई गई रोक...जानिए पूरा मामला

Amrit Vichar Network
Published By Vikas Babu
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कासगंज, अमृत विचार: घोटालेबाज सचिवों पर पंचायती राज विभाग ने तलवार लटका दी है। डीपीआरओ के तेवर तल्ख दिखाई दिए हैं। उन्होंने पंचायत सचिवों को पूर्व में जारी किए गए नोटिस के एवज रिकवरी समय से न करने आरोप में स्पष्टीकरण मांगा है और वेतन वृद्धि पर भी रोक लगा दी है। सचिवों पर की गई यह कार्यवाही पूरे महकमे में चर्चा का विषय बनी हुई है। 

जिले की चार विकास खंडों के नौ पंचायत सचिवों ने बड़ा घोटाला किया। 43ग्राम पंचायतों से अलग अलग तिथियों में एक ही व्यक्ति के निजी खाते में धनराशि ट्रांसफर की। अपने चहेतों के के माध्यम से अवधेश कुमार के खाते में धनराशि भेजी गई। साढ़े दस लाख रूपये का सरकारी धन का दुरप्रयोग हुआ। इस मामले में पिछले साल नवंबर माह में कमिश्नर ने संज्ञान लिया तो अब कुछ ही दिन पहले डीपीआरओ ने रिकवरी के लिए नोटिस जारी किया, लेकिन सचिवों पर कोई कार्यवाही नहीं हुई। 

धीमी कार्यवाही के चलते सचिव लापरवाह दिखाई दिए। अब अमृत विचार में समाचार प्रकाशित होने के बाद फिर से मामले में नया मोड आया है। डीपीआरओ ने सभी सचिवों की वेतन वृद्धि रोकी है और सचिवों से स्पष्टीकरण मांगा है। पूरे महकमे में यह खबर चर्चा का विषय बनी हुई है। डीपीआरओ की कार्यवाही अब सचिवों के लिए बड़ी समस्या बनती दिखाई दे रही है। जल्द ही रिकवरी की भी तैयारी की गई है। 

पत्राचार से सिद्ध हुआ आरोप 
पंचायत सचिवों द्वारा की गई गड़बड़ी का आरोप पत्राचार और बैंक के डिटेल के माध्यम से सिद्ध हुआ है। इन सभी पर कार्यवाही की तलवार लटकी है। अब मामले में डीएम और सीडीओ भी संज्ञान ले रहे हैं। 

वेतन वृद्धित रोकी जा सकी है। स्पष्टीकरण मांगा गया है। शत फीसद रिकवरी कराई जाएगी। कार्यवाही में कहीं भी कोई ढिलाई नहीं होगी--- देवेंद्र सिंह, डीपीआरओ।

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