मुरादाबाद : 65 लोग हुए फूड पॉइजनिंग का शिकार, एक ही परिवार के 26 लोग शामिल...कई की हालत नाजुक
मुरादाबाद, अमृत विचार। डिलारी और ठाकुरद्वारा में महाशिवरात्रि पर कुट्टू के आटे से बनी पकोड़ियां खाने से 65 लोग फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गए। जबकि डिलारी ब्लॉक के गांव दोराजपुर में एक ही परिवार के दो दर्जन से अधिक लोगों की हालात बिगड़ गई। जिन्हें आनन फानन में निजी अस्पताल समेत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उनका इलाज चल रहा है। जबकि कई लोगों की हालात अभी भी नाजुक बताई जा रही है।
सीएमओ के मुताबिक, ठाकुरद्वारा और डिलारी ब्लॉक के 65 लोग कट्टू के आटे की पकौड़ियां खाने से फूड पॉइजनिंग का शिकार हुए हैं। उनके मुताबिक सभी की हालत पहले से बेहतर है। 24 मरीज जिला अस्पताल में भर्ती हैं, जबकि दो मरीज सीएचसी ठाकुरद्वारा में भर्ती हैं। बाकी मरीजों का निजी अस्पतालों में इलाज चल रहा है। उन्होंने कहा कि आटे के सैंपल की जांच के लिए अपर आयुक्त खाद को निर्देशित किया गया है।
पीड़ितों को मुताबिक, महाशिवरात्रि के दिन कुट्टू के आटे की पकौड़ियां खाई थी। जिसे खाने के दो घंटे के बाद अचानक से सभी सदस्यों की हालत बिगड़ने लगी। साथ ही उल्टियां शुरू हो गईं और यह सिलसिला रात भर जारी रहा। सुबह 6:00 बजे के बाद जब हालत में कोई सुधार नहीं हुआ तब डिलारी सीएससी में भर्ती कराया गया। लेकिन वहां भी तबीयत में सुधार न होने की वजह से मुरादाबाद के जिला अस्पताल में भर्ती कर दिया गया।
अस्पताल में भर्ती BA द्वितीय की छात्रा ऋतु ने बताया की फूड पॉइजनिंग का शिकार हुए एक ही परिवार के 26 लोग शामिल हैं। जिसमें बच्चे और बुजुर्ग भी फूड पॉइजनिंग का शिकार हुए हैं। उन्होंने बताया की कई बच्चों की भी हालत खराब हुई है, जिसकी वजह से स्कूल नहीं जा सके। कुट्टू के आटे की पकौड़ी बनाने के लिए आटा घर के पास ही एक दुकान से खरीदा था। उससे बनी पकौड़ी खाने के बाद ही सभी की हालत बिगड़ी है।
ईएमओ सुरेंद्र पाल ने बताया की फूड पॉइजनिंग का शिकार हुए लगभग 23 मरीज अब तक आ चुके हैं। ज्यादातर की स्थिति अभी सामान्य है। जबकि तीन मरीजों की हालत अभी भी खतरे में है। पहले इन मरीजों को डिलारी के सीएचसी में भर्ती कराया गया था। जबकि वहां हालत में सुधार न होने की वजह से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सुरेंद्र पाल ने फूड पॉइजनिंग का कारण भी बताया है। उन्होंने बताया कि यह मरीज फूड पॉइजनिंग का शिकार बैक्टीरिया और कुछ अन्य तरह के वायरस की वजह से भी हो सकते हैं।
ये भी पढें : मुरादाबाद: महाशिवरात्री पर चौरासी घंटा मंदिर समेत प्रमुख मंदिरों में भक्तों की उमड़ी भीड़
