UP: विकसित भारत-जी राम जी अधिनियम पर किसान-मजदूर सम्मेलन, प्रभारी मंत्री ने स्वीकृति पत्र व ट्रैक्टर की चाबी सौंपी
शाहजहांपुर, अमृत विचार। गन्ना शोध परिषद में विकसित भारत–जी राम जी अधिनियम 2025 के तहत किसान–मजदूर सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग तथा जिला प्रभारी मंत्री नरेन्द्र कश्यप ने हेल्प ग्रुप संतोषी मां, प्यारा भारत और मां सीता को सीसीएल फंड के अंतर्गत डेढ़ लाख रुपये के स्वीकृति प्रमाण पत्र वितरित किए। साथ ही कृषक मोहित को ट्रैक्टर और कृषि यंत्रों की चाबी सौंपी गई।
मंत्री नरेन्द्र कश्यप ने कहा कि विकसित भारत–जी राम जी अधिनियम ग्रामीण क्षेत्रों को आधुनिक, समृद्ध और खुशहाल बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इस अधिनियम के तहत ग्रामीण परिवारों के लिए रोजगार की गारंटी 100 दिनों से बढ़ाकर 125 दिन कर दी गई है, जो मेहनतकश समाज के लिए ऐतिहासिक परिवर्तन है। उन्होंने बताया कि अब काम मांगने पर कार्य न मिलने की स्थिति में बेरोजगारी भत्ता स्वतः मिलेगा, जिससे रोजगार का अधिकार वास्तविक कानूनी अधिकार बन गया है।
उन्होंने कहा कि मजदूरी भुगतान में देरी होने पर प्रत्येक विलंबित दिन का मुआवजा भी दिया जाएगा। ग्राम स्तर पर कार्यों की योजना ग्राम सभा में तय होगी और चार प्रमुख श्रेणियों—जल सुरक्षा व संरक्षण, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका संवर्धन तथा जलवायु परिवर्तन से निपटने से जुड़े कार्यों पर अमल किया जाएगा। योजना में बायोमेट्रिक उपस्थिति और एआई आधारित निगरानी से पारदर्शिता सुनिश्चित की जाएगी। मंत्री ने बताया कि कृषि कार्यों के दौरान बुवाई और कटाई से जुड़े 60 दिनों में योजना के कार्य नहीं कराए जाएंगे, जिससे कृषि गतिविधियां प्रभावित न हों। नए अधिनियम में प्रशासनिक मद की सीमा 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 9 प्रतिशत कर दी गई है, जिससे कार्मिकों की सेवाएं सुदृढ़ होंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्तमान में चल रहे मनरेगा के कार्य सुरक्षित हैं और नए अधिनियम के लागू होने के बाद विकास कार्य और अधिक गति से आगे बढ़ेंगे।
जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि योजना की जानकारी गांवों तक पहुंचाने के लिए सेमिनार कराए गए हैं, जिससे किसान और मजदूर सीधे लाभान्वित होंगे। कार्यक्रम में महापौर अर्चना वर्मा, मुख्य विकास अधिकारी डीआर अपराजिता सिंह, जिलाध्यक्ष केसी मिश्रा, महानगर अध्यक्ष शिल्पी गुप्ता, परियोजना निदेशक अवधेश राम, जिला विकास अधिकारी ऋषिपाल सिंह, कृषि उपनिदेशक पुरुषोत्तम कुमार मिश्र, जिला कृषि अधिकारी विकास किशोर सहित अन्य अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
अखिलेश यादव पर प्रभारी मंत्री का तीखा हमला
शाहजहांपुर में प्रभारी मंत्री ने पार्टी कार्यालय में पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इसके बाद मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव और कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला। प्रभारी मंत्री ने कहा कि अखिलेश यादव को यह अहसास हो चुका है कि उनकी स्थिति बिहार में लालू प्रसाद यादव जैसी होने वाली है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन नेताओं को अखिलेश यादव गले लगाते हैं, उनके बेटे ड्रग्स के साथ पकड़े जा रहे हैं।
प्रभारी मंत्री ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश के साथ-साथ देश की जनता समाजवादी पार्टी के कई नेताओं का चरित्र जानती है। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव ने अपने पांच साल के शासनकाल में प्रदेश में 700 दंगों का रिकॉर्ड बनाया और प्रदेश को तबाह कर दिया। उन्होंने आगे कहा कि अब दिल्ली में उत्तर प्रदेश के एक समाजवादी सांसद का नाम दंगों की साजिश में सामने आया है। मंत्री ने कहा कि यह कोई नई या अतिशयोक्तिपूर्ण बात नहीं है, बल्कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के नेताओं की यह कार्यशैली रही है। प्रभारी मंत्री ने अखिलेश यादव से सवाल किया कि जिन नेताओं को वे तुष्टीकरण की राजनीति के तहत गले लगाते हैं, उनके कृत्य क्या हैं। उन्होंने एक पार्टी नेता के बेटे के ड्रग्स के साथ पकड़े जाने का जिक्र करते हुए कहा कि जनता समाजवादी पार्टी और कांग्रेस की नीतियों और नीयत पर भरोसा नहीं करती।
एसआईआर अभियान का उल्लेख करते हुए प्रभारी मंत्री ने कहा कि निर्वाचन आयोग की ओर से मतदाता शुद्धिकरण के लिए चलाए गए इस अभियान को बिहार की जनता ने समर्थन दिया, जिससे मतदान प्रतिशत 75 तक पहुंचा। उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव जानते हैं कि इस अभियान के बाद फर्जी वोट हटे हैं और उनकी राजनीतिक स्थिति बिहार जैसी होने जा रही है। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव ने बिहार में पीडीए के नाम पर 27 रैलियां की थीं और उनके गठबंधन सहयोगी राहुल गांधी ने भी रैली निकाली थी, जिसका परिणाम सबके सामने है। मंत्री ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव के दिमाग पर परिवारवाद हावी है, इसलिए प्रदेश की जनता पीडीए पर भरोसा नहीं करेगी।
