लखनऊ को जीरो वेस्ट सिटी बनाने की तैयारी, IIT कानपुर और MNIT प्रयागराज करेंगे तैयार रिपोर्ट
शिवरी प्लांट में वर्ष 2022-25 के बीच इकट्ठा कूड़े का किया जाएगा निस्तारण
लखनऊ, अमृत विचार : लखनऊ को जीरो वेस्ट सिटी बनाने की तैयारी है। लखनऊ नगर निगम शिवरी प्लांट में अब 2022 से अक्टूबर 2025 के बीच इकट्ठा कूड़े को निस्तारित कराएगा। कूड़े के शत-प्रतिशत निस्तारण के लिए नगर निगम ने प्लान मांगा है। आईआईटी कानपुर और एमएनआईटी प्रयागराज रिपोर्ट तैयार करेंगे। जिसमें दोनों संस्थाएं यह जानकारी देंगी कि किस तरह और कौन सी तकनीक से पुराने कूड़े का निस्तारण किया जाएगा। कूड़ा कतना है और इसके निस्तारण में कितना समय लगेगा और कितना खर्च आएगा।
नगर आयुक्त गौरव कुमार ने बताया कि अभी तक नगर निगम 98 एकड़ में फैले शिवरी प्लांट पर लगे कूड़े के ढ़ेर में से 13 लाख मीट्रिक टन का निस्तारण कर चुका है, जिससे करीब 25 एकड़ जमीन खाली हुई है। अभी शिवरी प्लांट में लगे कुल तीन प्लांट से प्रतिदिन कुल 2100 मीट्रिक टन प्रतिदिन निकलने वाले कूड़े का निस्तारण किया जा रहा है।
रिपोर्ट आने के बाद नगर निगम भेजेगा डीपीआर
नगर आयुक्त ने बताया कि दोनों संस्थानों की रिपोर्ट आने के बाद कूड़े के निस्तारण के लिए नगर निगम की ओर से शासन को डीपीआर भेजी जाएगी। मंजूरी मिलने के बाद इस पर काम शुरू होगा। इसे शुरू होने में लगभग 6 महीने लग सकते हैं। इस पर करीब 70 लाख रुपए खर्च आने की संभावना है।
