Bareilly: महाराष्ट्र में हज कमेटी का सीईओ हिंदू अधिकारी को बनाने पर भड़के शहाबुद्दीन
बरेली, अमृत विचार। महाराष्ट्र सरकार ने हज कमेटी का सीईओ एक हिंदू अधिकारी को बनाया है। जिस पर आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने कड़ा ऐतराज जताया। उन्होंने कहा कि हज इस्लाम धर्म का बेहद पाक और खास हिस्सा है। मगर महाराष्ट्र सरकार ने ऐसे शख्स को सूबे की हज कमेटी का सीईओ बना दिया जिसका इस्लाम या हज से को वास्ता नहीं।
मौलाना ने कहा कि भारत के इतिहास मे पहली बार किसी हिंदू व्यक्ति को राज्य हज कमेटी का सीईओ बनाया गया है। यह अपने आप में शर्मिंदा करने और बदनाम करने वाली बात है। महाराष्ट्र सरकार में काफी मुसलमान अधिकारी मौजूद हैं, लिहाजा इनमें से किसी को सीईओ बनाया जाना चाहिए। मगर ऐसे व्यक्ति को जिम्मेदारी दे दी गई जिसका इस्लाम से कोई रिश्ता नाता नहीं है। उन्हें नहीं मालूम कि हज किसे कहते हैं।
आगे कहा कि ये एक धार्मिक काम है, जिसे वही व्यक्ति कर सकता है जो इस्लाम धर्म का पालन करता हो। गैर मुस्लिम व्यक्ति को नहीं मालूम कि इस्लाम धर्म में क्या-क्या जरुरी व्यवस्थाएं है। ऐसी सूरत-ए-हाल में महाराष्ट्र सरकार को ये खुद सोचना चाहिए कि जो उपयुक्त नहीं उसको जिम्मेदारी न दी जाए।
अगर सरकार ने ये सोचकर एक गैर मुस्लिम व्यक्ति को जिम्मेदारी दी है कि मुसलमानों के धार्मिक मामलात में भी सरकार का हस्तक्षेप रहे और धार्मिक कार्य भी सरकार के मातहत रहे, तो यह और भी खतरनाक बात है। मुसलमान इन तमाम चीजों को बर्दाश्त नही कर सकता। मौलाना ने महाराष्ट्र सरकार से मांग की है कि नियुक्त किये गये हिंदू सीईओ को फौरी तौर पर हटाया जाए।
