वर्ड स्मिथ: कैसे हुई पेन शब्द की उत्पत्ति

Amrit Vichar Network
Published By Anjali Singh
On

पेन शब्द की उत्पत्ति भाषा, इतिहास और लेखन परंपरा के आपसी संबंध को समझने का एक रोचक उदाहरण है। आज जिसे हम साधारण-सा लेखन उपकरण मानते हैं, उसका नाम सदियों पुराने सांस्कृतिक और तकनीकी विकास की कहानी अपने भीतर समेटे हुए है।

‘पेन’ शब्द अंग्रेजी भाषा का है, जिसकी जड़ें प्राचीन लैटिन भाषा में मिलती हैं। लैटिन में Penna शब्द का अर्थ होता है-पंख। प्राचीन काल में कागज पर लिखने के लिए जिस उपकरण का उपयोग किया जाता था, वह वास्तव में पक्षियों के पंखों से बनाया जाता था। हंस, मोर या अन्य बड़े पक्षियों के पंखों की नोक को तेज कर स्याही में डुबोया जाता और फिर उससे लिखा जाता था। ऐसे लेखन उपकरण को अंग्रेजी में Quill Pen कहा जाता था।

मध्यकालीन यूरोप में विद्वान, लेखक और धार्मिक ग्रंथों के नकलनकर्ता इन्हीं पंखों से लिखते थे। उस समय लेखन एक श्रमसाध्य और कौशलपूर्ण प्रक्रिया थी। पंख से लिखने के लिए हाथ की स्थिरता और अभ्यास की आवश्यकता होती थी, क्योंकि स्याही का प्रवाह पूरी तरह लेखक के नियंत्रण पर निर्भर करता था। यही कारण है कि उस दौर में सुलेख (Calligraphy) को एक कला के रूप में देखा जाता था। समय के साथ लेखन तकनीक में परिवर्तन आया। 

धातु की निब का आविष्कार हुआ, फिर फाउंटेन पेन और आगे चलकर बॉल पेन अस्तित्व में आए। हालांकि लेखन उपकरण का स्वरूप पूरी तरह बदल गया, लेकिन उसका नाम नहीं बदला। ‘पेन’ शब्द लेखन की उस पुरानी परंपरा की स्मृति के रूप में भाषा में बना रहा। यह शब्द हमें याद दिलाता है कि भाषा अपने भीतर अतीत की छाप सहेज कर रखती है, भले ही समय कितना ही आगे क्यों न बढ़ जाए।

संबंधित समाचार