Lucknow : डॉक्टर नहीं पहचान पाए मौत की आहट, लारी की चौखट पर 12 घंटे तड़पती रही महिला, तोड़ा दम
लखनऊ, अमृत विचार : ढेरों कवायदों के बाद भी व्यवस्था सुधरने का नाम नहीं ले रही है। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय स्थित लारी कार्डियोलॉजी में सुविधाओं को बढ़ाने का दावा तो किया जाता है, लेकिन इसका फायदा मरीजों को कम ही मिलता नजर आ रहा है। गुरुवार को लारी कार्डियोलॉजी के बाहर भर्ती के इंतजार में 35 वर्षीय एक महिला मरीज ने दम तोड़ दिया। मरीज के परिजन 12 घंटे से अधिक समय तक उसे भर्ती कराने की जद्दोजहद करते रहे।
परिजनों का आरोप है कि डॉक्टर उनकी परेशानी को नजरअंदाज करते रहे और उनका मरीज चला गया। दरअसल, पूरा मामला लारी कार्डियोलॉजी से जुड़ा हुआ है। बस्ती निवासी अविदा खातून (35) को दिल की गंभीर बीमारी थी। स्वास्थ्य बिगड़ने पर परिजन लारी कार्डियोलॉजी में इलाज के लिए पहुंचे थे। बुधवार को परिजनों ने मरीज को ओपीडी में दिखाया भी था।
ओपीडी में डॉक्टर ने मरीज को देखने के बाद दवा दी और एक सप्ताह बाद दोबारा आने को कहा। इस दौरान परिजन लगातार मरीज के गंभीर स्वास्थ्य का हवाला देते रहे और उसे भर्ती करने की गुजारिश करते रहे, लेकिन मरीज को भर्ती नहीं किया गया। थकहार का परिजन लारी के परिसर में ही रुक गए इस इंतजार में कि शायद उनकी सुनवाई हो जाए और उनके मरीज को समय रहते इलाज मिल जाए। लेकिन ऐसा हुआ नहीं और गुरुवार अलसुबह मरीज की तबीयत ज्यादा बिगड़ गई और निजी अस्पताल जाते समय मरीज ने दम तोड़ दिया।
केजीएमयू के प्रवक्ता प्रो. केके सिंह ने बताया कि मरीज के परिजनों की तरफ कोई शिकायत नहीं मिली है, शिकायत मिलने पर जांच कराई जायेगी।
