51वां स्थापना दिवस : रुहेलखण्ड विश्वविद्यालय का लक्ष्य केवल डिग्री नहीं, जॉब-क्रिएटर तैयार करना है
बरेली, अमृत विचार। महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखण्ड विश्वविद्यालय में 51वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में ''''प्री इंडस्ट्री–अकादमिक समिट: थिंक टैंक डायलॉग-2026'''' का आयोजन हुआ। कार्यक्रम पीएम-उषा योजना के तहत हुआ, जिसका उद्देश्य उद्यमिता एवं स्टार्टअप इकोसिस्टम को सुदृढ़ करना और उद्योग व अकादमिक सहयोग को नई दिशा प्रदान करना था। समिट में उद्योग और शिक्षा जगत के विशेषज्ञों ने उद्यमिता, नवाचार, उद्योग-अकादमिक साझेदारी और स्टार्टअप सहयोग जैसे विषयों पर चर्चा हुई।
मुख्य अतिथि विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के अंतर्गत टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट बोर्ड के सचिव राजेश कुमार पाठक थे। उन्होंने उद्योग और शिक्षा जगत के बीच सेतु बनाने और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया। कुलपति प्रो. के.पी. सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय का लक्ष्य केवल डिग्री प्रदान करना नहीं बल्कि विद्यार्थियों को जॉब-क्रिएटर बनाना है।
समिट का निर्देशन विभागाध्यक्ष प्रो. तुलिका सक्सेना ने किया, जबकि आयोजन का सफल नेतृत्व प्रो. यतेन्द्र कुमार और डॉ. विकास लांबा ने किया। कार्यक्रम में उद्यमी डॉ. घनश्याम खंडेलवाल, दिनेश गोयल, अनुराग माथुर, डॉ. आकाश तनेजा आदि ने भाग लिया। पैनल चर्चा और संवाद सत्र में विशेषज्ञों ने स्टार्टअप और उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र को सशक्त बनाने के व्यावहारिक सुझाव प्रस्तुत हुए। समापन अवसर पर आयोजकों ने सभी प्रतिभागियों, अतिथियों और हितधारकों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में ऐसे कार्यक्रमों को जारी रखने का संकल्प दोहराया।
