यूपी के डेयरी उत्पादों का ग्लोबल धमाल: 10.16% ग्रोथ के साथ निर्यात 489 करोड़ पहुंचा, पशुपालकों की आय में बढ़ोत्तरी
लखनऊ, अमृत विचार: प्रदेश में पशुपालन और डेयरी क्षेत्र को बढ़ावा देने के प्रयासों का असर निर्यात में बढ़ोतरी के रूप में दिखाई दे रहा है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार डेयरी उत्पाद, अंडे, प्राकृतिक शहद और अन्य पशु-आधारित खाद्य उत्पादों के निर्यात में करीब 10.16 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।
अप्रैल 2023 से नवंबर 2024 के बीच इस श्रेणी का निर्यात 444.10 करोड़ रुपये था, जो अप्रैल 2024 से नवंबर 2025 के दौरान बढ़कर 489.24 करोड़ रुपये पहुंच गया। इस प्रकार करीब 45 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। दूध, घी, पनीर, मक्खन और मिल्क पाउडर के साथ अंडे और शहद की अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ती मांग से निर्यात को गति मिली है।
डेयरी प्रसंस्करण इकाइयों के विस्तार, कोल्ड चेन नेटवर्क और बेहतर पैकेजिंग व गुणवत्ता नियंत्रण से प्रदेश की प्रतिस्पर्धा क्षमता मजबूत हुई है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे पशुपालकों की आय बढ़ने के साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिल रही है।
