बरेली में औद्योगिक कॉरिडोर : हजारों युवाओं के लिए खुलेंगे नौकरी के द्वार, उद्योग-धंधें भी लगेंगे

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Published By Pradeep Kumar
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भमोरा क्षेत्र में कॉरिडोर के लिए दस गांवों की 1004 हेक्टेयर भूमि चिह्नित

बरेली, अमृत विचार। औद्योगिक कॉरिडोर बसाने का रास्ता साफ हो गया है। यह कॉरिडोर जनपद के हजारों युवाओं के लिए नौकरी लाएगा। सैकड़ाें उद्योग लगेंगे, जो बरेली की आर्थिक रफ्तार को बढ़ाएंगे और प्रदेश की वन ट्रिलियन अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करेंगे। औद्याेगिक कॉरिडोर बसाने के लिए 10 गांवों की भूमि का चयन कर डीएम अविनाश सिंह ने प्रस्ताव यूपीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी को भेज दिया है। भूमि अर्जन में करीब 1400 करोड़ का खर्च आएगा।

औद्योगिक कॉरिडोर बसाए जाने से बरेली के साथ बदायूं के युवाओं और उद्यमियों को भी फायदा मिलेगा। डीएम अविनाश सिंह के अनुसार उप्र एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडा) लखनऊ के मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने 9 जनवरी को औद्योगिक कॉरिडोर के संबंध में पत्र भेजा। जिसमें बताया कि उत्तर प्रदेश में औद्योगिक कॉरिडोर विकसित कराए जाने की दृष्टि से शासन के निर्देश पर बरेली में भी औद्योगिक कॉरिडोर विकसित करना प्रस्तावित है। भूमि चयन के लिए सभी एसडीएम को पत्र लिखा, इस पर एसडीएम आंवला विदुषी सिंह ने औद्योगिक कॉरिडोर विकसित करने के लिए 10 ग्रामों की 1004.985 हेक्टेयर भूमि चिह्नित कर उपलब्ध कराई। चिह्नित भूमि का क्रय, अर्जन व पुनर्ग्रहण कर सकते हैं। भूमि पर जल निकासी की पर्याप्त व्यवस्था है।

कॉरिडोर के लिए इन गांवों की भूमि चिह्नित
आंवला तहसील के भमोरा, मकरंदपुर तारा चंद्रपुर, पखुरनी, कुड्ढा, भीकमपुर, भरताना, हजरतपुर , युसुफपुर, खुली, चांदपुर मटकी में कुल 3312 गाटों की 1004.985 हेक्टेयर भूमि चयनित की गयी है। इसमें संक्रमणीय भूमिधरी श्रेणी 1 क, ग्राम सभा श्रेणी 5, ग्राम सभा श्रेणी 6 की भूमि शामिल है।

औद्योगिक कॉरिडोर के भूमि इसलिए उपयुक्त है
भूमि भमोरा-आंवला-दिल्ली मार्ग पर मकरंदपुर रेलवे स्टेशन सामने है। निर्मित राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-बी के निकट है, गंगा एक्सप्रेस-वे से 8 किमी की दूरी पर स्थित है। इफको आंवला फर्टिलाइजर संयंत्र से सटी हुई है। इंडियन ऑयल कार्पोरेशन लिमिटेड व भारत पेट्रोलियम कार्पोरेशन लिमिटेड भी चिह्नित भूमि के निकट है। एसएच 125 स्टेट हाईवे भमोरा-शाहबाद, बरेली एयरपोर्ट करीब 35 किमी, रेल कनेक्टिविटी में बरेली-कासगंज रेल लाइन है।

औद्योगिक कॉरिडोर के लिए 1004.985 हेक्टेयर भूमि चिह्नित की गयी है। प्रस्ताव यूपीडा को भेज दिया गया है, स्वीकृति मिलने के बाद आगे की कार्यवाही शुरू होगी। इसके बनने से बरेली और बदायूं के युवाओं को सबसे ज्यादा लाभ मिलेगा। आर्थिक स्थिति भी मजबूत होगी। -अविनाश सिंह, डीएम बरेली।

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